ओम बिरला ने दी रुहुल्लाह को नसीहत
इस पर ओम बिरला ने उन्हें कहा, 'यह सदन का पहला दिन है। आप बोलते हुए इस बात का ध्यान रखिए कि क्या टिप्पणी कर रहे हैं। अभी कार्यकाल को देखो। उसके बाद टिप्पणी करो।'
रुहुल्लाह ने फिर बात शुरू करते हुए कहा, 'भारत देश में सबसे बड़ा लोकतंत्र है। 370 की बिल एक मिनट में लाया गया और आधे घंटे में उसे पास कर दिया गया।'
सदन में हंगामा
उनकी इस बातचीत के बाद सदन में हंगामा शुरू हो गया। इस पर ओम बिरला ने सबको शांत कराते हुए कहा, 'इन्हें (रुहुल्लाह को) ज्ञान नहीं है इस (अनुच्छेद 370 को निरस्त करने वाला बिल पर) पर साढ़े नौ घंटे तक चर्चा हुई थी।'
दूसरी बार स्पीकर बने ओम बिरला
लोकसभा में ध्वनिमत से बिरला लगातार दूसरी बार लोकसभा अध्यक्ष चुने गए। इस दौरान पीएम मोदी और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी परंपरा के अनुसार आसन तक लेकर गए। ओम बिरला ने 18वीं लोकसभा के अपने पहले संबोधन में आपातकाल को याद किया। हंगामे के बाद कार्यवाही स्थगित कर दी गई।