लेह। सेना की फायर एंड फ्यूरी कोर ने पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय और केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख के साथ मिलकर लेह के रिनचेन ऑडिटोरियम में वीरवार को अंतरराष्ट्रीय हिम तेंदुआ दिवस मनाया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य हिम तेंदुओं और उनके प्राकृतिक आवास के संरक्षण के बारे में जागरूकता फैलाना था।
लेफ्टिनेंट जनरल हितेश भल्ला, जीओसी 14 कोर और एस. राजेश मुख्य वन्यजीव संरक्षक लद्दाख, सेना और नागरिक अधिकारियों के साथ कार्यक्रम में शामिल हुए। लद्दाख में लगभग 477 हिम तेंदुआ रहते हैं जो भारत की कुल आबादी का लगभग 68 प्रतिशत है। यह समुदायों, शोधकर्ताओं और जागरूकता अभियानों से जुड़े स्थानीय संरक्षण प्रयासों की सफलता को दर्शाता है।
लेफ्टिनेंट जनरल भल्ला ने इस कार्य के लिए काम करने वाले सभी लोगों की प्रशंसा की। एस. राजेश ने लद्दाख को हिम तेंदुओं के लिए एक सुरक्षित घर बनाने के प्रयासों में सहयोग के लिए सेना का धन्यवाद किया।