जम्मू कश्मीर पुलिस ने उत्तरी कश्मीर के सीमांत ज़िले कुपवाड़ा में शुक्रवार को गैरकानूनी गतिविधि रोकथाम (यूएलएपी) अधिनियम सीआरपीसी के तहत पाकिस्तान स्थित आतंकवादी संचालकों की संपत्तियां कुर्क की।
पुलिस के प्रवक्ता ने कहा कि आतंकवाद के तंत्र को ध्वस्त करने के तहत तहसीलदार करनाह, थाना प्रभारी करनाह और राजस्व अधिकारियों सहित करनाह उप-मंडल के अधिकारियों ने प्रतिबंधित संगठनों हिजबुल मुजाहिदीन (एचएम) और लश्कर-ए-तैयबा (एलईटी) से जुड़े पाकिस्तान स्थित कश्मीरी आतंकवादी संचालकों की संपत्तियां कुर्क की हैं।
उन्होंने बताया कि 16 जुलाई को कुपवाड़ा स्थित नामित एनआईए न्यायालय द्वारा पारित आदेशों के बाद कार्रवाई की गई। प्रवक्ता ने बताया कि जांच से पता चला कि पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) से सक्रिय तीन स्थानीय व्यक्ति, स्थानीय युवाओं को कट्टरपंथी बनाने और आतंकवादी समूहों में भर्ती करने के अलावा, क्षेत्र और जम्मू-कश्मीर में अन्यत्र अशांति फैलाने के लिए हथियारों, नशीले पदार्थों और आतंकी धन की सीमा पार से तस्करी करने में भी सक्रिय रूप से शामिल थे। उन्होंने बताया कि जब्त की गई जमीन का इस्तेमाल देश के कानून और संप्रभुता का स्पष्ट उल्लंघन करते हुए गैरकानूनी और राष्ट्र-विरोधी गतिविधियों को बढ़ावा देने, उन्हें सुविधाजनक बनाने और उन्हें वित्तपोषित करने के लिए किया जाना था।
इन आतंकवादी संचालकों की संपत्ति कुर्क की गई हैं ...
1. अब्दुल हामिद शेख पुत्र फकीर शेख निवासी धानी, करनाह
संबद्धता: एचएम/एलईटी
कुर्क की गई संपत्ति: 3 कनाल और 6 मरला (अबी भूमि)
2. काजी खुशाल पठान पुत्र काजी सैद-उद-दीन (उर्फ काजी यासीन) निवासी धानी, करनाह
संबद्धता: एचएम/एलईटी
कुर्क की गई संपत्ति: 18 मरला (अबी भूमि)
3. मंजूर अहमद शेख पुत्र वली मोहम्मद शेख निवासी नवागाबरा, करनाह
संबद्धता: एचएम/एलईटी
कुर्क की गई संपत्ति: 2 कनाल और 09 मरला (अबी भूमि)