फोटो ज्यौडियां सेपीएचसी जोगवां में पसरा सनाटा
ज्यौड़ियां। पीएचसी जोगवां में स्टाफ की कमी के चलते लोगों की इलाज की सुविधा नहीं मिल रही है। पांच पंचायतों की 15 हजार आबादी इस पीएचसी पर निर्भर है। क्षेत्र के लोगों को छोटी से छोटी बीमारी का चेकअप करवाने के लिए खौड़, अखनूर या फिर जम्मू जाना पड़ रहा है।
स्थानीय लोगों ने पीएचसी जोगवां में स्टाफ की कमी को पूरा करने की मांग की है। स्थानीय निवासी व समाजसेवी यश पॉल शर्मा ने बताया कि सेहत विभाग डॉक्टर नियुक्त करने के प्रति गंभीर नहीं है। क्षेत्र के लोगों का प्रतिनिधिमंडल इस विषय में चीफ सेक्रेटरी और डायरेक्टर हेल्थ से भी भेंट कर चुका है। इसके बावजूद यहां पर स्टाफ को बढ़ाने के बजाय यहां से स्टाफ को स्थानांतरित किया जा रहा है।
यशपाल शर्मा ने बताया कि इस पीएचसी पर क्षेत्र की पांच पंचायतों के 15 हजार से भी अधिक लोग निर्भर हैं। कंडी और पहाड़ी क्षेत्र होने की वजह से क्षेत्र में हर रोज सर्पदंश के मामले आते हैं लेकिन जहां पर उपचार नहीं मिलने पर जम्मू जाना पड़ता है। मरने शर्मा, पोला राम और बंसी लाल ने बताया कि इस साल जुलाई माह में ही क्षेत्र में सांप के डंसने के कई मामले सामने आए। इससे पहले भी ऐसे कई मामले सामने आते रहते हैं। सरकार से मांग है कि पीएचसी जोगवां में स्टाफ की कमी को जल्द पूरा किया जाए।
वहीं इस विषय में स्थानीय विधायक व कैबिनेट मंत्री सतीश शर्मा ने बताया कि हम स्वास्थ्य विभाग को क्षेत्र के सभी सरकारी हेल्थ सेंटरों में स्टाफ की कमियों को पूरा करने के निर्देश दे दिए हैं। बीएमओ ने बताया कि क्षेत्र की सभी पीएचसी केंद्रों में डाॅक्टर की कमी को पूरा करने के लिए एक लिस्ट तैयार कर उच्च अधिकारियों को भेजी गई है।