राज्य सरकार ने विभिन्न पदों पर नौकरियों, शिक्षण संस्थानों में दाखिले के लिए दस्तावेजों की स्व प्रमाणित (अटेसटेशन ) प्रतिलिपि लगाने को मंजूरी दे दी है। इसमें धोखाधड़ी करने पर कानून की धाराओं के तहत कार्रवाई होगी।
सामान्य प्रशासन विभाग की ओर से जारी आदेश के मुताबिक हस्ताक्षर किए गए दस्तावेजों की जांच पड़ताल की प्रक्रिया को और सरल बनाने के लिए कदम उठाया गया है।
इसके तहत सरकारी विभागों, स्थानीय निकाय एवं पंचायती राज संस्थानों, बोर्ड, कारपोरेशन तथा पब्लिक सेक्टर में नौकरी के लिए, शिक्षण संस्थानों में दाखिला तथा केंद्र एवं राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं के तहत लाभ लेने के लिए अब स्वप्रमाणित दस्तावेज लगाने होंगे।
शिक्षण संस्थानों से कहा गया है कि वे स्वप्रमाणित प्रति स्वीकार करें और दाखिला के वक्त मूल दस्तावेजों की जांच की जाए। इसी प्रकार लोक सेवा आयोग, एसएसबी तथा अन्य एजेंसियों को भी ऐसा ही करने को कहा गया है। आदेश में यह भी कहा गया है कि यदि किसी ने झूठे दस्तावेजों के आधार पर स्वप्रमाणित किया तो रणबीर पैनल के तहत उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।