जम्मू-कश्मीर केंद्र शासित प्रदेश में बिजली की खपत कम करने के लिए सभी सरकारी भवनों में एलईडी लैंप के उपयोग को अनिवार्य बना दिया गया है। नए और पुराने भवनों में इस आदेश को सख्ती से लागू किया जाएगा। इसमें नए सरकारी भवन/सरकारी संस्थान/पब्लिक सेक्टर यूनिट/स्वतंत्र बाडी/इंडस्ट्रियल व कामर्शियल संस्थान शामिल होंगे। इन सभी संस्थानों में पारंपरिक बल्ब के इस्तेमाल पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी गई है।
पावर डेवलपमेंट विभाग की ओर से सरकारी आदेश नंबर-71-पीडीडी, 2018 का संज्ञान लेते हुए सेक्शन 18 एनर्जी कंजरवेशन एक्ट-2001 के तहत जम्मू-कश्मीर में बिजली के संरक्षण के लिए एलईडी के इस्तेमाल को अनिवार्य बनाया गया है। इसमें मौजूदा जिन भवनों में पारंपरिक बल्बों से बिजली की रोशनी की व्यवस्था की गई है, वहां पंद्रह दिन के भीतर पारंपरिक बल्ब हटाकर एलईडी स्थापित करनी होगी।
सरकारी भवनों, संस्थानों, पब्लिक सेक्टर यूनिटों, इंडस्ट्रियल व कामर्शियल संस्थानों में नए कनेक्शन/लोड देने पर एलईडी लैंप का इस्तेमाल अनिवार्य किया जाएगा। जम्मू-कश्मीर में बिजली की खपत और मांग में लगातार अंतर बढ़ता जा रहा है। मौजूदा कई संस्थानों में पारंपरिक बल्बों से बिजली से रोशनी की व्यवस्था की गई है।