फैसला सुनाते हुए कैट के न्यायिक सदस्य राजिंदर सिंह डोगरा ने कहा कि इस मामले में आवेदक की कोई गलती नहीं है, इसलिए उसके करियर को खतरे में नहीं डाला जा सकता। इसी के साथ कैट ने जेकेपीएससी को आवेदक का फिर से साक्षात्कार लेने और साक्षात्कार में उत्तीर्ण होने पर उसका नाम नियुक्ति के लिए सुझाने का आदेश दिया है। कैट ने सारी प्रक्रिया आठ सप्ताह के भीतर पूरी करने का निर्देश दिया है।