सांबा। कृषि क्षेत्र में भी महिलाएं काम कर अपना परिवार चला रही है। जिला के नड़ ब्लाक में महिलाओं की और से मशरूम की खेती कर अच्छी कमाई कर रही हैं। कृषि विभाग की और से उन्हें सब्सिडी पर बीज मुहैया करवाए जाते हें। स्वयं सहायता समूह के साथ 25 महिलाएं इस कारोबार के साथ जुड़ी हुई हैं।
महिला रजनी कुमारी ने कहा कि हमने मशरूम का काम शुरू किया। हम मिनिया सेल्फ हेल्प ग्रुप 25 महिलाओं जुड़ी हुई हैं। कृषि विभाग के अधिकारियों ने हमें मशरूम की खेती के लिए जागरूक किया तो हम ने मशरूम का कारोबार शुरू किया। कृषि विभाग की ओर से हमें 100-100 बैग मशरूम के दिए गए। यह करीब 3 लाख रुपये का प्रोजेक्ट था, जिसमें 50 प्रतिशत सब्सिडी मिली। डेढ़ लाख रुपये विभाग का योगदान था और डेढ़ लाख हमने मिलकर लगाया।
उन्होंने कहा सभी महिलाओं ने मिलकर मेहनत की और अच्छा मुनाफा मिल रहा है। इससे हमें आत्मनिर्भर बनने की प्रेरणा मिली। अब हम अपने बच्चों का खर्च खुद उठा पा रही हैं। हम चाहती हैं कि और भी महिलाएं आगे आएं और मिलजुलकर काम करें ताकि सभी की आमदनी बढ़े और परिवार मजबूत बने।
इस में 25 महिलाओं को रोजगार मिला है।
कोट
मिनिया सेल्फ हेल्प ग्रुप में 25 महिलाएं मशरूम उत्पादन का काम कर रही हैं। पहली बार विभाग की तरफ से इन्हें 50 प्रतिशत सब्सिडी पर 2500 मशरूम बैग उपलब्ध करवाए गए हैं। कुल प्रोजेक्ट लागत 3 लाख रुपये है। इस पहल का उद्देश्य महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाना और उनकी आय बढ़ाना है। भविष्य में भी ऐसे समूहों को प्रोत्साहित किया जाएगा।
राकेश खजुरिया, मुख्य जिला कृषि अधिकारी सांबा