आगामी बरसात को लेकर ग्रामीण चिंतित
संवाद न्यूज एजेंसी
अरनिया। गरोड़ नाले पर कल्याणा और कूल मोड़ के बीच बन रहा नया पुल दो महीने से निर्माण कार्य बंद होने से ग्रामीण चिंतित हैं। पुल का निर्माण कार्य बीआरओ की देखरेख में चल रहा है। अरनिया सेक्टर को बड़े शहरों से जोड़ने वाला यह पुल सीमावर्ती क्षेत्र की 50 हजार आबादी के लिए जीवनरेखा माना जाता है। बरसात को देखते हुए पुल का निर्माण कार्य बंद होने से ग्रामीण चिंतित हैं।
पिछले साल आई बाढ़ में पुराना पुल बुरी तरह क्षतिग्रस्त हुआ था। इसके बाद अस्थायी पुल बनाया गया था जो सूखे मौसम में तो काम चला लेता है पर बरसात में नाले का जलस्तर बढ़ते ही डूब जाएगा। स्थानीय लोगों का कहना है कि असुरक्षित पुराने पुल पर एक समय में केवल एक वाहन ही गुजर पाता था और वह जोखिमपूर्ण है। इसी समस्या का स्थायी समाधान करने के उद्देश्य से नया पुल बन रहा था। मगर अब निर्माण गतिविधियां दो महीनों से बंद पड़ी हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि आगामी बरसात के मौसम में निर्माण देरी के कारण रोजमर्रा की आवाजाही, स्कूलों और स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच प्रभावित हो जाएगी और संकट की स्थिति में राहत कार्य भी धीमे होंगे।
पिछले दो महीने से पुल का निर्माण कार्य ठप हुआ है। युद्ध स्तर पर पुल के निर्माण कार्य की बजाय रफ्तार धीमी हो गई है। आगामी समय में ग्रामीणों को बड़ी बाधा से गुजरना पड़ सकता है।
- सुरेंद्र सिंह, ग्रामीण
बरसात से पहले पुल का निर्माण कार्य मुकम्मल होना था परंतु काम बंद होने से लोगों की चिंताएं बढ़ गई हैं। इसके चलते युद्ध स्तर पर पुल का निर्माण कार्य सुचारु होना चाहिए।
- भारत भूषण शर्मा, ग्रामीण
इस मुद्दे पर बीआरओ अधिकारी से संपर्क किया गया, परंतु उनकी तरफ से फोन नहीं उठाया गया है।