बिजली कटौती के कारण बच्चे, बुजुर्ग और महिलाएं हुए गर्मी से बेहाल
संवाद न्यूज एजेंसी
अरनिया। मीरां साहिब ग्रिड स्टेशन के अंतर्गत आते गांव ब्यासपुर और सई कलां रिसीविंग स्टेशन की बिजली सप्लाई 24 घंटे के लिए बाधित रही। मंगलवार रात 10:30 बजे गुल हुई बिजली बुधवार सुबह 11:00 बजे बहाल हुई। इसके बाद देर शाम तक बिजली की कटौती जारी रही और लंबे कट लगते रहे। बिजली कटौती के कारण ग्रामीण गर्मी से बेहाल हो गए।
बिजली कटौती के कारण ग्रामीणों की दिनचर्या बुरी तरह प्रभावित हुई। लोगों को पानी की किल्लत से जूझना पड़ा। लोगों ने ईद के त्योहार पर लंबी बिजली कटौती को विभाग की लापरवाही बताया। विभाग के अनुसार मंगलवार देर रात को ब्यासपुर, सई कलां और खाना चक रिसीविंग स्टेशन के तार के बीच तकनीकी खराबी आई थी जो देर रात तक पकड़ में नहीं आ पाई। इसके चलते सुबह तड़के फॉल्ट ढूंढ बिजली को बहाल कर दिया गया। तकनीकी खराबी खाना चक रिसीविंग स्टेशन पर 33 केवी की तारों के आपस में जुड़ने से लोड बढ़ जाने से उत्पन्न हो रही थी। इसके चलते ब्यासपुर और सई कलां रिसीविंग स्टेशन को बंद करना पड़ा। इसके बाद सुबह खाना चक रिसीविंग स्टेशन भी बंद हो गया। मंगलवार रात से बुधवार सुबह तक ब्यासपुर और सई कलां रिसीविंग स्टेशन के 20 गांव की 30,000 आबादी बिजली की समस्या से परेशान हुई। ग्रामीणों को पीने की पानी की किल्लत के साथ गृहणियों को खाना बनाने में परेशानी का सामना करना पड़ा।
भीषण गर्मी के चलते बच्चे, बुजुर्ग और महिलाएं पूरी रात गर्मी से बेहाल रहे। विभाग ने समय रहते लापरवाही का प्रदर्शन करते हुए बिजली की बहाली नहीं की है। बिजली विभाग के बिल समय पर चुकता करने के बावजूद भीषण गर्मी में इतनी लंबी कटौती सहन करनी पड़ रही है। यह सरासर गलत है। सरकार को संज्ञान लेते हुए 24 घंटे बिजली कटौती पर जांच करवानी चाहिए।
- दर्शन कुंडल, ग्रामीण
ईद की खुशी बिजली कटौती में बदल गई है। रात परिवार के साथ जागकर बिताई है। बच्चों को रात भर सुलाने के लिए हाथ पंखा चलाना पड़ा है। सुबह ईद की खुशी बिजली कटौती ने फीकी कर दी। बिजली विभाग को त्योहारों पर युद्ध स्तर पर काम करके बिजली को बहाल करना चाहिए।
- इरशाद अहमद, ग्रामीण
तकनीक की खराबी दूर होने के बाद भी बिजली विभाग शेड्यूल कट को नियमित रखता है। पिछले दिनों एमडी से मुलाकात कर तकनीकी खराबी के दौरान हुई कटौती को शेड्यूल कट में पूरा करने के लिए कहा था। इस पर एमडी ने एक्सईएन को साफ तौर पर निर्देश दिया था कि तकनीकी खराबी की कटौती की भरपाई शेड्यूल कट में पूरी करें परंतु बिजली विभाग के अधिकारी एमडी के आदेश की भी अवहेलना कर रहे हैं। बिजली विभाग जानबूझकर लोगों को धरना प्रदर्शन करने पर मजबूर करता है।
- विजय चौधरी, पूर्व सरपंच निकोवाल
वर्जन
तकनीकी खराबी को ढूंढने के लिए रात भर ड्राइव चलाई गई। फॉल्ट ढूंढ कर ठीक करने में काफी समय लग गया। तीनों रिसीविंग स्टेशन के अंतर्गत समय पर फाॅल्ट पकड़ में नहीं आ पाया। इसके चलते बिजली की असुविधा लोगों को हुई है। बुधवार सुबह 10:00 बजे बिजली बहाल कर दी गई।
- मुनीर खान, जेई, इंचार्ज रिसीविंग स्टेशन