राजोेरी। जम्मू-कश्मीर टीचर्स फोरम (जेकेटीएफ) की बैठक यूटी सीनियर वाइस चेयरमैन मोहम्मद माहरूफ चौधरी की अध्यक्षता में रविवार को राजोरी मे आयोजित हुई।
बैठक के दौरान वक्ताओं ने कहा कि लंबे समय से कई कर्मचारी वर्ग अपनी मांगों और समस्याओं के समाधान की प्रतीक्षा कर रहे हैं, लेकिन अब तक सरकार की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। उन्होंने विशेष रूप से टीईटी (टीचर्स एलिजिबिलिटी टेस्ट ) से जुड़े मामलों, वोकेशनल ट्रेनर्स की जॉब पॉलिसी, आया कर्मियों के भविष्य, भूमि दानदाताओं के अधिकारों तथा मौसमी शिक्षकों के नियमितीकरण जैसे मुद्दों को प्रमुखता से उठाया।
अध्यक्षता कर रहे माहरूफ चौधरी ने कहा कि शिक्षकों और कर्मचारियों की जायज मांगों को सरकार के समक्ष प्रभावी तरीके से रखा जाएगा। उन्होंने कहा कि विभिन्न वर्गों के कर्मचारी लंबे समय से असुरक्षा और अनिश्चितता के माहौल में काम कर रहे हैं तथा सरकार को उनकी समस्याओं के समाधान के लिए गंभीर पहल करनी चाहिए।
बैठक में वक्ताओं ने मांग की कि वोकेशनल ट्रेनर्स के लिए स्पष्ट और स्थायी जॉब पॉलिसी बनाई जाए ताकि उनके भविष्य को सुरक्षित किया जा सके। इसके अलावा मौसमी शिक्षकों और आया कर्मियों के मानदेय एवं सेवा शर्तों में सुधार की भी मांग उठाई गई। भूमि दानदाताओं से जुड़े मामलों में उचित मुआवजा और सरकारी स्तर पर समाधान की आवश्यकता पर भी जोर दिया गया।
बैठक के दौरान वक्ताओं ने कहा कि इन वर्गों से संबंधित लंबित समस्याओं को सरकार के समक्ष प्रभावी ढंग से उठाया जाएगा ताकि प्रभावित लोगों को जल्द राहत मिल सके। उन्होंने शिक्षकों एवं अन्य कर्मचारियों की समस्याओं के समाधान के लिए एकजुट होकर आवाज बुलंद करने पर जोर दिया।
इस अवसर पर यूटी प्रवक्ता जोगिंदर सिंह ठाकुर , जिला सीनियर वाइस प्रेसिडेंट जसवीर सिंह , प्रांतीय सलाहकार मोहम्मद फ़ारूक़ सहित बड़ी संख्या में प्रतिनिधि मौजूद रहे।
बैठक में नसीम अख्तर, जबीन कौसर, आसिया खातून, खालिदा कौसर, शकीला कौसर, हेना हनीफ, इम्तियाज अहमद, मंजूर हुसैन, जाकिर हुसैन, लियाकत अली, मुश्ताक अहमद, अली शेर, जुनैद शाह, मोहम्मद अकरम, मोहम्मद कबीर, मोहम्मद रईस, गुलाम मुस्तफा, मोहम्मद ज़फ्फर, ताहिर जावेद, मोहम्मद शब्बीर सहित जिले भर से आए दर्जनों प्रतिनिधियों ने भाग लिया।