जम्मू। सिख नेताओं ने वीरवार को कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष तारिक हमीद कर्रा से मुलाकात कर अपनी समस्याएं बताईं। सिख नेताओं ने अपनी मांगों को उजागर करते हुए कहा कि जम्मू-कश्मीर में सिख अल्पसंख्यक समुदाय के लोग बहुत सारी समस्याओं का सामना कर रहे हैं। उन्हें सरकारी विभागों और अन्य क्षेत्रों में उचित प्रतिनिधित्व नहीं मिल रहा है।
उन्होंने प्रदेश में पंजाबी भाषा को लागू करने के अलावा शरणार्थी पैकेज और राज्यसभा और विधानसभा नामांकन में सिख समुदाय को राजनीतिक आरक्षण की मांग की। इस दौरान पीसीसी अध्यक्ष ने संगठनात्मक मामलों, खास तौर पर पार्टी के बुनियादी ढांचे में विभिन्न स्तरों पर सिख अल्पसंख्यकों के बारे में फीडबैक लिया। सिख अल्पसंख्यक लोगों के विचार सुने और उनसे अपने-अपने क्षेत्रों में कांग्रेस पार्टी को मजबूत करने को कहा।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस ही एकमात्र धर्मनिरपेक्ष पार्टी है जो समाज के हर वर्ग की समान रूप से सेवा करती है। इस मौके पर विधान परिषद के पूर्व अध्यक्ष गुरमुख सिंह, डीडीसी के टीएस टोनी, गुरदर्शन सिंह, हरविंदर सिंह मेहता, मनजीत सिंह बेदी, राजिंदर सिंह नाथू, गजन सिंह, निर्मल सिंह मेहता, संदीप सिंह रिस्म, बलबिंदर सिंह रिंकू और अन्य उपस्थित थे।