जम्मू। भगवती नगर स्थित रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) जम्मू अस्पताल के ढांचे को समेटने का काम जारी है। इसके साथ डीआरडीओ के करीब दो सौ कर्मचारियों की दिसंबर तक सेवाएं ली जाएंगी। सरकार की ओर से इन कर्मचारियों को दिसंबर 2022 तक एक्सटेंशन दिया गया है। इन कर्मियों की जीएमसी सहित अन्य एसोसिएटेड अस्पतालों में सेवाएं ली जा रही हैं।
कोविड के गत जून जुलाई में सीमित मामले आने के बाद डीआरडीओ में भर्ती नहीं की जा रही थी, जिसके बाद डीआरडीओ जम्मू और कश्मीर को बंद करने का फैसला किया गया। इसमें करोड़ों रुपये के चिकित्सा उपकरणों को जीएमसी सहित अन्य एसोसिएटेड अस्पतालों में शिफ्ट किया जा रहा है। इसमें 70 प्रतिशत तक उपकरणों और अन्य सामान को शिफ्ट कर दिया गया है। डीआरडीओ चिकित्सा सहित अन्य कर्मचारियों को सरकार की ओर से मई 2022 से छह माह का एक्सटेंशन दिया गया है, जिससे दिसंबर तक ही इन कर्मचारियों की सेवाएं ली जाएंगी। इन कर्मचारियों की आईसीयू सहित अन्य महत्वपूर्ण यूनिटों में सेवाएं ली जा रही हैं। वर्तमान में डीआरडीओ के तहत 4 मेडिकल आफिसर, 6 नर्सिंग सुपरवाइजर, 43 फार्मासिस्ट, 109 जूनियर स्टाफ नर्स, 10 लेब टेक्नीशियन, 6 एक्सरे टेक्नीशियन, 30 मल्टी टास्किंग स्टाफ (एमआईएस), 3 डेटा एंट्री, 20 सेनिटरी वर्कर, 2 इलेक्ट्रिशियन, 2 पलंबर और 47 सुरक्षाकर्मियों को तैनात किया गया है। डीआरडीओ के कर्मचारियों को गत मई माह से वेतन जारी नहीं किया गया है, लेकिन एक्सटेंशन मिलने से अब कर्मचारियों को लंबित वेतन जारी होने की उम्मीद है।
कोट
डीआरडीओ के कर्मचारियों की एक्सटेंशन मिली है। एसोसिएटेड अस्पतालों में स्टाफ की कमी को देखते हुए इन कर्मचारियों की नियमित सेवाएं लेने की कोशिश की जाएगी।
डा. शशि सूदन, प्रिंसिपल जीएमसी