जम्मू। जम्मू-कश्मीर और लद्दाख उच्च न्यायालय के वोकेशन न्यायाधीश पुनीत गुप्ता ने निचली अदालत द्वारा तत्कालीन तहसीलदार वसूली जनक सिंह को दी गई सजा पर रोक लगा दी। न्यायाधीश पुनीत गुप्ता ने अधिवक्ता जीएस ठाकुर और वरिष्ठ अधिवक्ता सुनील सेठी को सुनने के बाद जमानत दे दी। उन्हें पचास हजार रुपये के निजी मुचलके को भरने के निर्देश दिए गए।
28 दिसंबर 2021 को विशेष न्यायाधीश भ्रष्टाचार निरोधक ने 13 साल पुराने भ्रष्टाचार मामले में फैसला करते हुए आय से अधिक संपत्ति के मामले में जनक सिंह को 3 साल कारावास और 2 लाख रुपये का जुर्माना लगाया था।
आरोपी जनक सिंह ने 1966 में राजस्व विभाग में पटवारी के रूप में कार्यभार ग्रहण किया था। जिसने आय के अपने ज्ञात और दृश्य स्रोतों से अधिक संपत्ति अर्जित की। जांच में पाया गया कि जनक सिंह ने शास्त्री नगर जम्मू में दो कनाल भूमि में एक दो मंजिला आवासीय घर का निर्माण किया है। अपने परिवार के सदस्य के नाम पर ग्रेटर कैलाश जम्मू में एक पेट्रोल पंप है। वर्तमान में प्राथमिकी दर्ज कर जांच की गई है।