जम्मू-कश्मीर में उभरने के लिए भरपूर क्षमता
उन्होंने कि जम्मू-कश्मीर में समृद्धि के पावर हाउस के रूप में उभरने की क्षमता है। उपराज्यपाल ने आगे जम्मू-कश्मीर में हो रहे परिवर्तन और सभी क्षेत्रों में दर्ज अभूतपूर्व प्रगति पर प्रकाश डाला। पिछले दो वर्षों में, प्रदेश में निवेशकों के लिए एक व्यापार-अनुकूल माहौल बनाया है। जम्मू-कश्मीर उद्योग और अन्य व्यावसायिक उद्यम स्थापित करने के लिए पसंदीदा स्थलों में से एक के रूप में उभरा है। जम्मू-कश्मीर के युवाओं की आकांक्षाओं को आज देश की आकांक्षाओं के साथ जोड़ा गया है।
उपराज्यपाल ने कहा, 'विकास प्रौद्योगिकी और नवाचार द्वारा संचालित है। भारत ने दुनिया में जीवंत और सबसे तेजी से बढ़ते इनोवेशन इकोसिस्टम का निर्माण किया है। कई हजारों स्टार्टअप और 100 से अधिक यूनिकॉर्न बनाने में मदद की है जो भारी निवेश को आकर्षित करते हैं। मैं उद्यमियों से भारत में निवेश करने का आग्रह करता हूं, जो सभ्यता का उद्गम स्थल और दुनिया का सबसे आकर्षक निवेश गंतव्य है।'
महामना पंडित मदन मोहन मालवीय को दी श्रद्धांजलि
उप राज्यपाल ने देश की पहली औद्योगिक नीति में महामना पंडित मदन मोहन मालवीय के महत्वपूर्ण योगदान को भी याद किया। उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि भारत और विदेशों में आईआईटी बीएचयू के पूर्व छात्रों की उपलब्धियां आईआईटी बीएचयू में प्रदान किए गए मूल्यों और महामना द्वारा रखी गई आधुनिक शिक्षा की मजबूत नींव का प्रमाण है। उन्हें विश्वास है कि ये गहरे और स्थायी संबंध बढ़ते रहेंगे।
भारत अब अवसर, उपलब्धि और ज्ञान की नई भूमि
उप राज्यपाल ने कहा कि भारत अब अवसर, उपलब्धि, ज्ञान और मानव पूंजी की नई भूमि है। देश महामारी से उबर रहा है। भारत दुनिया की पांचवीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है। मैं आपसे मेक इन इंडिया, अनुसंधान और नवाचार पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत करने में योगदान देने का आग्रह करता हूं।