शोपियां जिले में में पीडीपी के मूल रूप से तीन डीडीसी सदस्य थे। इनमें ऐजाज अहमद मीर, राजा वहीद और मुजफ्फर अहमद वागे। समय के साथ डीडीसी चेयरपर्सन बिल्कीस बानो और अब्दुल शीद लोन सहित अतिरिक्त सदस्य भी पीडीपी में शामिल हो गए। ऐजाज मीर और राजा वहीद ने टिकट नहीं मिलने के बाद पीडीपी से इस्तीफा दे दिया है और अब वे जैनापोरा और शोपियां निर्वाचन क्षेत्रों से चुनाव लड़ रहे हैं। बिलक़ीस बानो और अब्दुल रशीद लोन ने पूर्व विधायक एजाज मीर का समर्थन करने का फैसला किया है। जिनके ज़ैनापोरा में एनसी और पीडीपी उम्मीदवारों के खिलाफ एक मजबूत प्रतिद्वंद्वी होने की उम्मीद है। एआईपी उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ रहे राजा वहीद को भी शोपियां में महत्वपूर्ण समर्थन मिलने की उम्मीद है।
कुलगाम में, डीके मर्ग से डीडीसी सदस्य गुलज़ार अहमद डार डीएच पोरा में पीडीपी के लिए चुनाव लड़ रहे हैं, जहां पार्टी के पास अन्य प्रमुख उम्मीदवारों की कमी है। कुलगाम के बिहिबाग से एक और डीडीसी सदस्य अफरोज़ा बेगम कुलगाम विधानसभा सीट के लिए एक स्वतंत्र उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ रही हैं।
अनंतनाग जिले में वेसु काजीगुंड से डीडीसी सदस्य बिलाल अहमद देवा डेमोक्रेटिक प्रोग्रेसिव आजाद पार्टी (डीपीएपी) के टिकट पर अनंतनाग पश्चिम सीट से चुनाव लड़ रहे हैं। जहां उन्हें एनसी के अब्दुल मजीद भट लारमी और पीडीपी के अब्दुल गफ्फार सोफी से प्रतिस्पर्धा का सामना करना पड़ रहा है। एक अन्य डीडीसी सदस्य, एडवोकेट सलीम पर्रे भी डूरू विधानसभा क्षेत्र में डीपीएपी के उम्मीदवार हैं। उनका मुकाबला एनसी-कांग्रेस गठबंधन के उम्मीदवार जी ए मीर और पीडीपी के मोहम्मद अशरफ मलिक से होने वाला है।