जम्मू-कश्मीर में छह लोकसभा सीटों पर लद्दाख को छोड़कर अन्य पांच सीटों पर अधिकांश उम्मीदवारों की जमानत जब्त हो गई। इनमें 51 उम्मीदवार एक फीसदी भी वोट हासिल नहीं कर पाए। जिससे करीब 80 फीसदी उम्मीदवारों की जमानत जब्त हुई।
राज्य की छह लोकसभा सीटों पर 79 उम्मीदवार मैदान में उतरे। जिसमें 63 की जमानत जब्त होने से वह 25000 और 12500 रुपये (एसटी, एससी उम्मीदवार) राशि वापस नहीं पा सके। वह कुल वोटों में से निर्धारित छठवें हिस्से का आंकड़ा प्राप्त नहीं कर पाए। लद्दाख सीट पर विजेता 33 वर्षीय भाजपा प्रत्याशी जामयांग सेरिंग नामगयाल राज्य के छह सीटों पर विजेता उम्मीदवारों से सबसे युवा हैं। राज्य में लद्दाख एक मात्र सीट है, यहां के अधिकांश प्रत्याशियों की जमानत जब्त नहीं हुई।
नामगयाल ने 42914 ( 33.94 फीसदी) वोट हासिल कर निर्दलीय उम्मीदवार सज्जाद हुसैन को हराया। उन्होंने 31984 (25.3) फीसदी वोट हासिल किए। कांग्रेस से रीबेल उम्मीदवार असगर अली करबलाई ने तीसरे स्थान पर रहकर 29365 (23.23) फीसदी वोट हासिल किए। जबकि आधिकारिक उम्मीदवार रिगजिन सपालवार ने 21241 (16.8) फीसदी वोट हासिल किए।
भारत में लद्दाख संसदीय क्षेत्र बड़ा क्षेत्र हैं, लेकिन जम्मू-कश्मीर में यहां सबसे कम 1.71 लाख वोटर ही हैं। इसमें 1.26 लाख मतदाताओं ने अपने मत का प्रयोग किया, जबकि 922 (0.73 फीसदी) ने नोटा पर बटन दबाया।