डिवकॉम ने जारी पत्र में कहा है कि 65 वर्षीय मरीज 21 मार्च सुबह करीब साढ़े आठ बजे स्किम्स बेमिना में इलाज के लिए पहुंचा था और अपनी पूरी ट्रैवल हिस्ट्री बताई थी। जांच में उसेे कोविड-19 का संदिग्ध पाया गया था। पत्र में लिखा है कि मरीज की ट्रैवल हिस्ट्री जानने और उसके लक्षणों को देखने के बावजूद भी अस्पताल प्रशासन ने इसकी जानकारी संभागीय, जिला और पुलिस अधिकारियों के संज्ञान में नहीं लाई। मरीज अस्पताल में भर्ती हुए बिना लौट गया। इस दौरान उसके जरिए संक्रमण फैलने का पूरा मौका दिया गया।
अब एमएस स्किम्स बेमिना और एचओडी चेस्ट मेडिसन से जवाब तलब किया गया है। बता दें कि जांच के आदेश बुधवार को दिए गए थे। इसको लेकर डिवीज़नल कमिश्नर कश्मीर पीके पोल ने कहा कि जांच का मरीज की मौत के साथ कोई संबंध नहीं है, बल्कि जांच इसलिए बिठाई गई है ताकि यह स्पष्ट हो सके कि क्या इस मरीज के इलाज को लेकर डॉक्टरों द्वारा सही प्रोटोकॉल और एसओपी का पालन किया गया है या नहीं।