जम्मू। स्वास्थ्य विभाग के पार्ट टाइम सफाई कर्मचारियों ने जम्मू प्रेस क्लब के बाहर प्रदर्शन किया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने नारेबाजी करते हुए न्यूनतम मजदूरी अधिनियम लागू करने, बराबर काम-बराबर वेतन और नियमित करने की मांग की।
प्रदर्शनकारियों में शामिल तोषी देवी ने बताया कि वह करीब 22 साल से विभाग में सेवाएं दे रही हैं। शुरुआत में उन्हें 100 रुपये प्रति माह मिलते थे, जिसे बढ़ाकर 500 रुपये तक किया गया। इतने कम पैसों में निर्वाह करना कठिन है। प्रदेश सरकार से उनकी मांग है कि न्यूनतम मजदूरी अधिनियम को लागू किया जाए।
वहीं कर्मचारी कहर सिंह ने कहा, 'मैं 23 साल से काम कर रह हूं और मेरा वेतन 1000 रुपये प्रति माह है। कुछ कर्मियों का वेतन 100 रुपये तो कुछ का 500 रुपये प्रति माह है। इससे घर का गुजारा चलाना मुश्किल है।' उन्होंने आगे कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कोरोना काल में सफाई कर्मी सम्मान दिया था। पूरे देश को उनके महत्व के बारे में बताया था, लेकिन प्रदेश में कर्मचारियों को न्यूनतम वेतन भी नहीं मिल पा रहा है।
कर्मचारी रमेश कुमार ने कहा कि वे लंबे समय से अपनी मांगों के लिए संघर्ष रहे हैं। उनकी उपराज्यपाल मनोज सिन्हा से मांग है कि न्यूनतम मजदूरी अधिनियम को लागू किया जाए। कर्मचारियों को समान वेतन व वेतन भत्ता दिया जाए। साथ ही एक नियामक नीति के तहत उन्हें पार्ट टाइम सफाई कर्मी से फुल टाइम सफाई कर्मी बनाया जाए। प्रदर्श मे रमेश कुमार, अशफाक व बिमला देवी सहित जम्मू संभाग से विभिन्न कर्मचारी मौजूद रहे।