लोक जन शक्ति पार्टी (लोजपा) 15 वर्ष के अंतराल के बाद दूसरी बार जम्मू-कश्मीर के विधानसभा चुनाव दंगल में कूदी है। 2008 में पार्टी ने प्रदेशभर में 60 सीटों पर चुनाव लड़ा लेकिन सभी प्रत्याशी हार गए।
बिहार और उत्तर प्रदेश की बड़ी पार्टियों में शामिल लोजपा और बसपा में से अभी तक बसपा ही अपना खाता खोल पाई है। लोजपा खाता खोलने को बेकरार है। सीपीआईएम भी अपना खाता खोल चुकी है।
वर्ष 2008 में सफलता नहीं मिलने पर लोजपा ने 2014 के विधानसभा चुनाव से किनार कर लिया था। वहीं, सीपीआईएम कुलगाम सीट से 1996 से 2014 तक जीत का चौका लगा चुकी है।
सीपीआईएम के प्रत्याशी तारिगामी पांचवीं बार किस्मत आजमा रहे हैं। बसपा 1996 और 2002 में खाता खोल चुकी है। 2008 में बसपा को हार का सामना करना पड़ा। अब ये एससी वोट बैंक में सेंध लगाकर फिर से विपक्ष के लिए चुनौती बनने जा रही है।