क्राइम ब्रांच जम्मू ने खुद को डीजीपी का पीए बताकर नौकरियों के नाम ठगी करने वाले एक शख्स के खिलाफ केस दर्ज किया है। सीबीआई के पास बख्शी नगर के रहने वाले हर्ष शर्मा ने शिकायत दर्ज कराई। उसने बताया कि उसे अमरजीत सिंह नाम का शख्स मिला। जिसने कहा कि उसका पार्टनर कुलदीप सिंह मन्हास उसके बेटे को पुलिस विभाग में नौकरी दिला सकता है।
इसके लिए उसने चार लाख रुपये की मांग की। इनमें से दो लाख रुपये अशफाक अहमद वानी को दिए, जिसने खुद को डीजीपी का पीए बताया। पीड़ित ने कुलदीप सिंह से कहा कि उसकी मुलाकात अशफाक से कराए।
इसके बाद दोनों की मुलाकात पुलिस लाइन के बाहर हुई। जहां अशफाक ने कहा कि डीजीपी कोटे में कई पद खाली पड़े हुए हैं, जिसका कोई विज्ञापन नहीं होता है। इसके लिए दो लाख रुपये लिए और कहा कि बहुत जल्द सूची में नाम आएगा।
यह सुनकर पीड़ित ने रियासी के रहने वाले ओंकार सिंह से भी दो लाख नौकरी के लिए अशफाक को दिए। इसके बाद न तो पैसे मिले और न ही नौकरी। इसके बाद अशफाक ने कहा कि उसने कोई पैसा नहीं लिया, पैसों के लिए कुलदीप से संपर्क करें।
इन शिकायतों के आने बाद क्राइम ब्रांच ने शुरुअती जांच शुरू की। इसमें पाया गया कि शिकायतकर्ता ने आरोपियों को पैसे दिए हैं। यह भी पाया गया कि अवंतीपुरा के अशफाक ने डीजीपी का पीए बनकर ठगी की। इसके बाद क्राइम ब्रांच ने उक्त लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया।