चरणबद्ध तरीके से सभी बसों में लगाए जाऐंगे क्यूआर कोड, यूपीआई को मिलेगा बढ़ावा
अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। जम्मू-कश्मीर की सरकारी बसाें में सफर करते हुए अगर आपके पास कैश नहीं तो घबराने की जरूरत नहीं है। यात्री जल्द ही बिना कैश के भी सफर कर सकेंगे। गूगल पे, फोन पे, भीम एप सहित अन्य यूपीआई एप्स की मदद से किराये का भुगतान किया जा सकेगा। इसके लिए बसों में जल्द ही क्यूआर कोड की सुविधा होगी।
इससे यात्री स्कैन करके टिकट का भुगतान कर सकेंगे। जेकेआरटीसी चरणबद्ध रूप से अपनी सभी बसों इस तरह की सुविधा देगी। यह व्यवस्था काफी लाभदायक होगी। इससे यूपीआई (यूनिफाइड पेमेंट इंटरफेस) को बढ़ावा मिलेगा। लोगों को यात्रा करते समय टिकट के लिए कैश रखने की जरूरत नहीं होगी।
साथ ही जेकेआरटीसी को राजस्व घाटा नहीं होगा। अभी जेकेआरटीसी की बसों में टिकट का भुगतान सिर्फ कैश में होता है। डिजिटल पेमेंट के इस दौर में यात्री यूपीआई पेमेंट से भुगतान को प्राथमिकता देते हैं। लंबे समय यात्री इस तरह की सुविधा देने की मांग करते थे। यात्रियों की सुविधा और यूपीआई को बढ़ावा देने उद्देश्य से जेकेआरटीसी प्रबंधन ने यह पहल शुरू की है।
दूर होगा खुले पैसे का झंझट
कैशलेस सुविधा शुरू होने से जहां यात्रियों को राहत मिलेगी, वहीं जेकेआरटीसी परिचालकों को भी फायदा मिलेगा। इससे किराये के भुगतान के लिए खुले पैसे की समस्या से मुक्ति मिलेगी। दूसरी ओर इस प्रणाली से पारदर्शिता आएगी। जेकेआरटीसी के परिचालक पैसे की गड़बड़ी भी नहीं कर पाएंगे। इससे जेकेआरटीसी की आय में भी इजाफा होने की संभावना है। खुले पैसों के कारण परिचालक और यात्रियों के बीच विवाद से निजात मिलेगी।
जेकेआरटीसी कैशलेस सुविधा शुरू करने जा रहा है। चरणबद्ध रूप से सभी बसों में यह सुविधा मिलेगी। इसके लिए जेएंडके बैंक के साथ करार किया गया है। यात्री यूपीआई एप से भी भुगतान कर पाएंगे।
- राकेश सारंगल, प्रबंध निदेशक, जेकेआरटीसी