अपने माता-पिता के साथ पुरस्कार लेने दिल्ली पहुंचे अयान ने कहा कि यह सम्मान एक बहुत बड़ी जिम्मेदारी की तरह लगता है। अनंतनाग के निवासी अयान ने कश्मीरी गीत ‘’बे दर्द दादि चायने’’ के अपने भावपूर्ण गायन से महारत हासिल की। यह गीत मूल रूप से कश्मीरी कवि शमास फकीर द्वारा लिखा गया है।
हालांकि अयान ने जीवन में बहुत कम समय में ही छोटे-छोटे प्रदर्शनों और स्टेज शो के साथ गायन शुरू कर दिया था। उन्होंने इस गीत के साथ अपने पेशेवर सफर की शुरुआत की। 10वीं कक्षा के छात्र अयान ने कहा, चार साल पहले मैंने ‘बे दर्द’ गीत के साथ पेशेवर रूप से गायन शुरू किया। अपनी यात्रा के दौरान वह कश्मीर के स्वतंत्र कलाकारों से प्रेरित हुए। बाल गायक ने गायन को अपना जुनून बताया और कहा कि वह चाहे जो भी पेशा चुनें, संगीत मेरे साथ रहेगा।
ऋषिक को बहुत बधाई
पीएमओ में केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने राष्ट्रीय पुरस्कार के लिए ऋषिक को बधाई दी। उन्होंने एक्स पर लिखा कि जम्मू के युवा ने सरकारी नौकरी की मानसिकता से आगे बढ़कर नया कीर्तिमान रच रहे हैं। आधुनिक तकनीक के माध्यम से स्टार्टअप उद्यमिता को अपना रहे हैं।
मुख्यमंत्री और उपराज्यपाल ने दी शुभकामनाएं
मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला और नेकां प्रमुख डॉ. फारूक अब्दुल्ला ने अयान को हार्दिक बधाई दी। मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला और डॉ. फारूक अब्दुल्ला ने अयान की उपलब्धि की सराहना करते हुए इसे जम्मू-कश्मीर के लिए गर्व की बात बताया।उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने भी अयान सज्जाद को पुरस्कार के लिए बधाई दी। सिन्हा ने एक्स पर लिखा, माननीय राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से प्रधानमंत्री राष्ट्रीय बाल पुरस्कार प्राप्त करने पर मास्टर अयान को बधाई।