जीएसटी कौंसिल को देश की पहली संघीय संस्था बताते हुए वित्त मंत्री हसीब द्राबू ने कहा कि नई टैक्स व्यवस्था संघीय सहकारिता का मार्ग प्रशस्त करेगी। इससे भारत के संघीय ढांचे के राजकोषीय और राजनीतिक रूप में बदलाव आएगा। यहां शुक्रवार को रायल स्प्रिंग्स गोल्फ कोर्स में वित्त मंत्रियों के गोलमेज सम्मेलन में उन्होंने यह बात कही।
जीएसटी को वित्तीय सुधारों के लिए उठाए जा रहे कदमों में सहायक बताते हुए उन्होंने कहा कि 1991 के बाद आए आर्थिक सुधारों में राज्यों को शामिल नहीं किया गया। वर्तमान समय में एक जुलाई से लागू होने वाले जीएसटी में एक-एक राज्य से सहमति ली गई है। जीएसटी कर संग्रह को संस्थागत करने के साथ ही इसके बेहतर अनुपालन को बढ़ावा देगा। जो अंतत: भारत को एक बेहतर देश बनाएगा।
इससे पहले सभी का स्वागत करते हुए उन्होंने कहा कि जम्मू कश्मीर में जिंदगी की हकीकत कई परतों से बुनी है। देश भर के लोगों के लिए जम्मू-कश्मीर से यहां के हालातों को लेकर एक संकेत भेजना जरूरी है। हालांकि हम एक तरफ मौजूदा हालात से निपट रहे हैं, लेकिन जीवन यहां खत्म नहीं होता। हम खूबसूरत श्रीनगर शहर में आर्थिक इतिहास बनता देख रहे हैं। इस दौरान असम के वित्त मंत्री हिमांत विश्व सरमा, केरल के वित्त मंत्री थामस आईजैक और कर्नाटक के वित्त मंत्री आदि मौजूद रहे।