श्रीनगर के शेर-ए-कश्मीर इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर (एसकेआईसीसी) में शनिवार को इंडियन पोस्ट पेमेंटस बैंक (आईपीपीबी) सुविधा का राज्यपाल सत्य पाल मलिक द्वारा लॉन्च किया गया। इस अवसर पर नेशनल कॉन्फ्रेंस के सीनियर नेता और सांसद डॉ. फारूक अब्दुल्ला, पोस्ट मास्टर जनरल पीडी शेल्लिंग के अलावा अन्य प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे।
इस अवसर पर जम्मू कश्मीर के राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने कहा कि मेरे लिए यह गर्व की बात है की मैं आईपीपीबी के इस मंच पर मुख्य अतिथि के तौर पर पहुंचा हूं। उन्होंने कहा कि डाक का आज महत्व थोडा कम हुआ है क्योंकि मोबाइल, मल्टीमीडिया का जमाना आ गया है लेकिन मोर्चों पर या घरों से दूर जो जवान आज भी तैनात हैं उनके लिए डाक एक बड़ी एहमियत रखती है। मलिक ने कहा कि उनके लिए डाकिया एक फरीश्ते की तरह होता है क्योंकि वो उनतक उनकी मां, बेहत, आदि की चिट्ठी पहुंचाता है और उस चिट्ठी की बहुत एहमियत होती है। उन्होंने कहा कि खुशी की बात है कि पॉट ऑफिस वाले चिट्ठियों के अलावा बैंकिंग के क्षेत्र में भी जा रहे हैं।
वहीं डॉ. फारूक अब्दुल्ला ने कहा कि मुझे उम्मीद है कि यह सुविधा हर एक के घर तक पहुंचेगी और हर व्यक्ति इसका लाभ उठा सकता है। लेकिन उन्होंने इस दौरान यह भी कहा कि एक बात जरूरी याद रखना कि जो लोन लेगा उसे वो हर हाल में लौटाना है, क्योंकि हम लोगों की आदत हो गयी है कि हम बैंकों से लोन लेते हैं और उन्हें लेकर भाग जाते हैं। उन्होंने कहा कि इस सुविधा को सभी ने मिलकर आगे बढ़ाना है। यह सुविधा गरीबों के लिए काफी लाभ्धायक है और इसके लिए मैं केंद्र सरकार को बधाई देना चाहता हूं कि उन्होंने इस सुविधा की शुरुआत की है।
गौरतलब है कि इस सुविधा को दिल्ली में प्रधानमंत्री द्वारा लॉन्च किया गया। बता दें कि इसके लॉन्च के साथ ही देश भर में 650 शाखाएं और 2600 एक्सेस पॉइंट लॉन्च किए गए जबकि इस वर्ष के अंत तक 1.5 लाख पोस्ट ऑफिसिस में यह सुविधा चालू हो जाएगी। वहीं जम्मू कश्मीर में आईपीपीबी की 8 शाखाएं (जम्मू, कठुआ, उधमपुर, राजौरी, श्रीनगर, अनंतनाग, बारामुला और लेह) होंगी जिनमें से कश्मीर में 3 शाखाएं और 12 एक्सेस पॉइंट होंगे।