रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने पाकिस्तान को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि उसने घुसपैठ नहीं रोकी तो सेना मुंहतोड़ जवाब देती रहेगी। साफ संदेश दिया कि वह भारत को अस्थिर करने की साजिश के तहत अपनी धरती से आतंकी गतिविधियों को तत्काल रोके अन्यथा गंभीर परिणाम भुगतने को तैयार रहे। रविवार जैसी कार्रवाई पाकिस्तान के घुसपैठ न रोकने तक चलती रहेगी।
रक्षा मंत्री सोमवार को एलएसी के नजदीक श्योक नदी पर बने कर्नल शेवांग रिनशेन पुल का लोकार्पण करने के बाद बोल रहे थे। यह पुल चीन सीमा से लगी एलएसी के पास दौलत बेग ओल्डी से जोड़ने वाली नवनिर्मित सड़क पर बना है। यह पुल न केवल हर मौसम में इस इलाके को बेहतर कनेक्टिविटी देगा बल्कि सीमा से लगे इलाकों के लिए इसका रणनीतिक महत्व भी है।
रक्षा मंत्री ने कहा कि पाकिस्तान पर भारत ने कभी भी पहले गोलियां नहीं चलाईं। फिर भी पाकिस्तान की ओर से लगातार आतंकी गतिविधियां अंजाम दी जा रही हैं। यह सब केवल देश को अस्थिर, कमजोर तथा देश की एकता को खतरा पहुंचाने के उद्देश्य से किया जा रहा है। सेना उन्हें करारा जवाब दे रही है। दोहराया कि कश्मीर भारत का आंतरिक मामला है।
उन्होंने चीन के राष्ट्रपति शी चिनपिंग की भारत यात्रा का जिक्र करते हुए कहा कि चिनपिंग ने भी महाबलीपुरम में पीएम मोदी से कश्मीर मुद्दे पर कुछ नहीं कहा। हाल ही में आतंक के खिलाफ कार्रवाई से जुड़ा चीन का बयान भी महत्वपूर्ण है। कहा कि भारत का चीन के साथ सौहार्दपूर्ण रिश्ता है। दोनों देशों में सीमा को लेकर कुछ सैद्धांतिक मतभेद जरूर हैं लेकिन इसे जिम्मेदारी और परिपक्वता के साथ संभाला गया है। दोनों देशों ने इस स्थिति को बढ़ने या फि र काबू से बाहर नहीं जाने दिया है। इस अवसर पर उत्तरी कमान प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल रणबीर सिंह, बीआरओ के महानिदेशक लेफ्टिनेंट जनरल हरपाल सिंह मौजूद रहे।