मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने कहा कि किसी मुस्लिम नेता ने हिंदू महिला का घूंघट हटाया होता तो हालात अलग दिखते और भाजपा मामले की लीपापोती कर रही है। उन्होंने हिजाब हटाने के मामले में महिला चिकित्सक के अधिकार और सम्मान की बात कही और बिहार के मुख्यमंत्री नितिश कुमार से माफी मांगने की अपील की।
मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने कहा, किसी मुस्लिम नेता ने हिंदू महिला का घूंघट हटाया होता तो हालात बदले हुए नजर आते। उन्होंने कहा, भाजपा मामले की लीपापोती कर रही है। उन्होंने कहा, राजस्थान या हरियाणा में महिलाएं घूंघट करती हैं। यही परंपरा मुस्लिम समाज में हिजाब के तौर पर है।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला वीरवार को दिल्ली में थे। यहां उन्होंने मीडिया के सवालों का जवाब दिया। उन्होंने हिजाब को लेकर पूछे गए सवाल पर अपनी प्रतिक्रिया दी है। मुख्यमंत्री ने कहा, एक मिनट के लिए छोड़ दिजिए कि वो मुस्लिम औरत थी। यह सोचिए कि किसी औरत के कपड़ों को हाथ लगाना कहां तक सही है। बिहार के मुख्यमंत्री नितिश कुमार को क्या जरूरत महसूस हुई कि वो किसी महिला के कपड़ों को हाथ लगाएं।
उन्होंने कहा कि मुस्लिम महिला के हिजाब को ऐसे उतारना गलत है। उन्होंने कहा, अब वो महिला चिकित्सक अपना ऑर्डर लेना ही नहीं चाहती है। महिला नौकरी करने को तैयार नहीं है। अपने इस कदम के लिए बिहार के मुख्यमंत्री नितिश कुमार को महिला चिकित्सक को बुलाकर माफी मांगनी चाहिए। उन्होंने महिला से भी आह्वान किया है कि इसके बाद वे भी अपना फैसला बदले और जनसेवा में आगे आएं।