राजोरी। कश्मीर से मुगल रोड से अपने घोड़े के साथ राजोरी पहुंचे एक युवक को उसके घोड़े के साथ क्वारंटीन कर दिया गया है। प्रशासन ने एहतियात बरतते हुए घोड़े को एक महीने के लिए होम तो व्यक्ति को 14 दिन के लिए प्रशासनिक क्वारंटीन किया है। पशु चिकित्सा विशेषज्ञों ने दावा किया है कि हालांकि, घोड़े को कोई खतरा नहीं है, लेकिन यह कोरोना वायरस का संभावित वाहक है इसलिए क्वारंटीन जरूरी है।
जम्मू-कश्मीर में किसी जानवर को क्वारंटीन करने का यह पहला मामला आया है। जानकारी के अनुसार मंगलवार देर शाम पुलिस की एक टीम ने कश्मीर घाटी से मुगल रोड से लौट रहे एक व्यक्ति को रोका। वह घोड़े को अपने साथ ले जा रहा था। थानामंडी तहसीलदार अंजुम खटक ने घोड़े की जांच के लिए पशु चिकित्सा विशेषज्ञ को बुलाया। अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त (एडीसी) राजोरी शेर सिंह ने बताया कि सभी विशेषज्ञ रायों को ध्यान में रखने के बाद, शरीर के तापमान के लिए घोड़े की चिकित्सकीय जांच की गई। इसके बाद इसे परिवार के अन्य सदस्यों को सौंप दिया गया। उनसे कहा है कि वह घोड़े को एक महीने तक दूसरे जानवरों से अलग रखें। इसके अलावा व्यक्ति को प्रशासनिक क्वारंटीन पर भेज दिया गया।