राज्यपाल एनएन वोहरा ने बाणगंगा क्षेत्र के पर्यावरण को बिना नुकसान पहुंचाए विकसित करने पर जोर दिया। साथ ही नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल के मानदंडों के तहत बाणगंगा से सटे घोड़े वालों के शेडों को शिफ्ट करने को कहा।
वह शुक्रवार को राजभवन में श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड के अधिकारियों के साथ बैठक कर बोर्ड के प्रोजेक्टों की समीक्षा कर रहे थे।
बैठक में बोर्ड के तकनीकी सलाहकार और सदस्य एचएल मैनी को नए ट्रैक को बाणगंगा से जोड़ने पर शीघ्र काम करने के निर्देश दिए गए।
नए ट्रैक में अगले दो माह में सभी जरूरी सुविधाएं मुहैया करवा दी जाएंगी। सोसायटी फार प्रिवेंशन आफ क्रूएलिटी टू एनिमल (एसपीसीए) और जेएंडके प्रिवेंशन आफ क्रूएलिटी टू एनिमल एक्ट के तहत घोड़े वालों का पंजीकरण किया जाएगा।
कटड़ा और अर्द्धकुंवारी में पशुपालन विभाग वेटनरी क्लीनिक स्थापित करे। प्रधानमंत्री के प्रिंसिपल साइंटिफिक एडवाइजर की देखरेख और इंडस्ट्रियल डिजाइन सेंटर, आईआईटी मुंबई के अधीन बेहतर डिजाइन और कम वजन वाली पालकी लाने पर काम होगा।
कटड़ा में नए बस स्टैंड के निर्माण पर काम किया जाए। राज्यपाल ने वैकल्पिक हैलीपैड के भूमि अधिग्रहण में देरी पर असंतोष जताते हुए जल्द उचित कदम उठाने को कहा। उन्होंने सुपर स्पेशलिटी अस्पताल और नर्सिंग कालेज की भी समीक्षा की।