कटड़ा-सांझी छत के बीच हेलिकाप्टर सेवा प्रभावित रही
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श्री माता वैष्णो देवी के आधार शिविर कटड़ा में रविवार सुबह तीन घंटे मूसलाधार बारिश से एहतियात के तौर पर आधा घंटा नए ट्रैक को बंद रखा गया। त्रिकुटा पहाड़ियों पर धुंध छाए रहने से कटड़ा-सांझी छत के बीच हेलिकाप्टर सेवा प्रभावित रही, लेकिन यात्रा पर कोई असर नहीं पड़ा।
मौसम के बदले मिजाज के बाद त्रिकुटा पहाड़ियों पर धुंध छाए रहने के कारण कटड़ा-सांझी छत के बीच हेलिकाप्टर सेवा प्रभावित रही। सुबह भारी बारिश के दौरान करीब आधे घंटे के लिए यात्रा के नए मार्ग को एहतियातन बंद भी रखा गया।
पंजीकरण कक्ष से मिली जानकारी के अनुसार रविवार देर शाम तक 16 हजार यात्री भवन की ओर प्रस्थान कर चुके थे। जबकि कक्ष के बंद होने को अभी दो घंटे शेष थे। सुबह यात्रा पंजीकरण कक्ष के खुलने से पहले ही मूसलादार बारिश शुरू हो गई थी। यह सिलसिला करीब तीन घंटे तक चला। इस दौरान भवन जाने-आने वाले यात्रियों को शेडों में रुकना पड़ा।
आधे घंटे के लिए अर्द्धकुंवारी से भवन जाने वाला नया मार्ग भी एहतियातन बंद
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आधे घंटे के लिए अर्द्धकुंवारी से भवन जाने वाला नया मार्ग भी एहतियातन बंद रखा गया। हालांकि इससे भक्तों को कोई ज्यादा दिक्कत नहीं हुई। रविवार को बारिश के बाद त्रिकुटा पहाड़ियों को धुंध की चादर ने लपेटना शुरू किया। इससे चॉपर सेवा बाधित हो गई। बड़ी संख्या में यात्री हैलीपैड पर मौसम साफ होने का इंतजार करते रहे, लेकिन राहत नहीं मिली। बैटरी कार सेवा जारी रहने से यात्रियों को थोड़ी राहत जरूर मिली।
वहीं सांबा के बसंतर नदी में बाढ़ की चपेट में आने से ट्रैक्टर बह गया। उसके चालक को बचा लिया गया। कठुआ में बीती देर रात से रुक रुक हो रही बारिश से नदी नाले उफान पर रहे। उज्ज दरिया, बेई, तरनाह नाला, सहार खड्ड, मग्गर खड्ड में बाढ़ की स्थिति रही। मौसम विभाग के अनुसार सोमवार को जम्मू और कश्मीर के कई इलाकों में बारिश हो सकती है।
कठुआ जिले में बनी-बसोहली मार्ग पर बारिश के कारण कई स्थानों पर शनिवार रात से ही करीब दस घंटे तक यातायात बंद रहा। दोपहर साढ़े बाहर बजे सड़क पर आवागमन शुरू हो सका। तरनाह नाले में आई बाढ़ से बीस गांवों का संपर्क जिला मुख्यालय से कट गया है।