आरईटी शिक्षकों को स्थायी बनाने की प्रक्रिया फिर से शुरू हो गई है। शिक्षा विभाग ने 46 आरईटी शिक्षकों को स्थायी बनाने के आदेश जारी किए हैं। इनके डाक्यूमेंट की जांच की प्रक्रिया को पूरा करने के लिए सभी जिलों के सीईओ को आदेश जारी किए हैं। वहीं सूची में नाम आने वाले आरईटी शिक्षकों ने राहत की सांस ली है।
स्क्रीनिंग टेस्ट के नाम पर आरईटी शिक्षकों के स्थायी बनाने की प्रक्रिया करीब दो वर्ष से लटकी हुई है। हालांकि शिक्षा विभाग बीच बीच में स्थायी बनाए गए आरईटी शिक्षकों की सूची जारी कर रहा है, लेकिन अभी भी तीन हजारा से ज्यादा आरईटी शिक्षक स्थायी बनाए जाने के इंतजार में हैं। इन शिक्षकों ने पांच वर्ष का कार्यकाल पूरा किए हुए दो वर्ष के करीब हो गया है।
शिक्षा निदेशक जम्मू ने जम्मू संभाग के चार जिलों के 46 आरईटी शिक्षकों का स्थायी बनाने का आदेश जारी किया है। स्थायी बनाए आरईटी शिक्षकों में रामबन से 14, किश्तवाड़ से 18, डोडा से 11 और तीन सांबा जिले से हैं। इन शिक्षकों के डाक्यूमेंट की जांच के लिए सभी जिलों के सीईओ से कहा गया है।
इनको परमानेंट रेसिडेंट सर्टिफिकेट, हेल्थ सर्टिफिकेट, चरित्र प्रमाणपत्र देना होगा। इसके अलावा यह भी जांचा जाएगा कि कहीं इन शिक्षकों ने स्वरोजगार के नाम पर किसी बैंक से लोन तो नहीं लिया गया है।