पहली अप्रैल को विंडो खुलते ही रिकार्डतोड़ रेलवे टिकट के आरक्षण हुए। जम्मू रेलवे आरक्षण काउंटर पर सुबह से लेकर शाम तक लंबी कतारें बनी रहीं और हर कोई अपने अग्रिम आरक्षण को सुरक्षित कराने के लिए उत्सुक था। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए जीआरपी के जवान भी तैनात किए गए थे।
जानकारी के मुताबिक जम्मू रेलवे स्टेशन के आरक्षण काउंटर से पहले प्रतिदिन औसतन 1400 आरक्षण हुआ करता था और भीड़ भी कम हुआ करती थी। लेकिन, पहले की तुलना में दो गुनी भीड़ सुबह आठ बजे से लेकर रात आठ बजे तक बनी रही। अप्रैल के पहले दिन आरक्षण काउंटर खुलते ही रेलयात्रियों की भीड़ जमा हो गई।
जम्मू स्टेशन पर लाइनों में आर्मी और एयरफोर्स के जवान भी एडवांस टिकट हासिल करने के लिए लगे रहे। जम्मू में विभिन्न प्रांतों से आए श्रमिक भी अग्रिम टिकट के लिए खड़े रहे। वरिष्ठ नागरिक और महिलाएं भी कतारों में नजर आए। बहराइच यूपी के एक श्रमिक रोहित ने बताया कि वह जून में जा रहे हैं।
गोंडा जाने के लिए अमरनाथ एक्सप्रेस में कन्फर्म टिकट तो मिल गया, लेकिन जुलाई में लौटने के लिए छह वेटिंग है, लिहाजा एडवांस टिकट का लाभ नहीं मिल रहा। कई लोगों ने बताया कि सरकार का नया नियम ठीक नहीं है, क्योंकि चार माह पहले जाने की योजना और यात्रा तिथि को निर्धारित करना कैसे संभव हो सकेगा।
तत्काल टिकट के लिए लंबी कतार में घंटों से खड़ी महिलाओं ने अलग काउंटर न होने पर रोष प्रकट किया।
बहुत कम लोग खरीदते हैं प्लेटफार्म टिकट
जम्मू रेलवे स्टेशन से बुधवार को सुबह आठ बजे से लेकर रात आठ बजे तक 238 प्लेटफार्म टिकट ही बिके, जबकि 31 मार्च को 518 एवं 30 मार्च को 398 प्लेटफार्म टिकट बिके थे। यहां पर रोजाना करीब 22 ट्रेनों की आगमन प्रतिदिन होता है, जबकि इतनी ही संख्या में जाने ट्रेनें यहां से रवाना भी होती हैं, लेकिन प्लेटफार्म टिकट की बिक्री कम हो रही है।
जम्मू जैसे संवेदनशील रेलवे स्टेशन पर एक दिन में करीब 238 प्लेटफार्म टिकटें बिकना सुरक्षा की दृष्टि से सही नहीं है। बिना प्लेटफार्म टिकट लिए लोग धड़ल्ले से प्लेटफार्म पर अपने रिश्तेदारों को रिसीव करने जाते हैं, लेकिन उनकी चेकिंग नहीं होती है।
दस रुपये के प्लेटफार्म टिकट से अनजान
26 फरवरी, 2015 को रेल मंत्री ने रेल बजट के दौरान घोषणा की थी कि प्लेटफार्म टिकट पांच रुपये से बढ़कर दस रुपये पहली अप्रैल से हो जाएगा। कई लोग जब स्टेशन पर पहुंचे तो उन्हें इस बात की जानकारी ही नहीं थी कि रेलवे प्लेटफार्म दस रुपये का हो गया है।