प्रधानमंत्री उधमपुर से रामबन के बीच फोरलेन हाईवे के काम का उद्घाटन सात नवंबर को करेंगे। करीब सौ किलोमीटर लंबे हाईवे का काम दो चरणों उधमपुर से नाशरी और नाशरी से रामबन के बीच चलेगा।
पहला चरण चिनैनी से नाशरी तक काम लगभग पूरा हो चुका है। इसके यातायात के लिए खोल देने के बाद तीन घंटे का रास्ता मात्र एक घंटे में तय होगा। जम्मू से श्रीनगर तक हाईवे बनने से दोनों संभागों की दूरियां भी काफी कम हो जाएगी।
उधमपुर से रामबन के बीच फोर लेन मनाने का काम गैमन इंडिया लिमिटेड ने लिया है। जबकि रामबन के बनिहाल का काम हिंदुस्तान कंस्ट्रक्शन कंपनी रेगी। चिनैनी से नाशरी के बीच नौ किलोमीटर लंबी टनल बनने जा रही है।
जो मार्च 2016 तक पूरी हो जाएगी। इस टनल के बीच से मात्र 10 मिनट में चिनैनी से नाशरी तक पहुंचा जा सकता है। उधमपुर से चिनैनी की दूरी 22 किलोमीटर है।
फोर लेन बनने के कारण इसकी दूरी मात्र 16 किलोमीटर रह जाएगी। उधमपुर से रामबन तक फोर लेन बनने से पचास किलोमीटर का सफर होगा। पहाड़ी एवं ऊंचाई भरा रास्ता होने से सफर में काफी समय लगता है।
संभावना है चिनैनी से नाशरी के बीच टनल शुरू होने से अगले साल श्री अमरनाथ यात्रा में आने वाले श्रद्धालुओं को काफी लाभ पहुंचेगा।
नेशनल हाईवे अथारिटी आफ इंडिया के प्रोजेक्ट निदेशक आरपी सिंह के अनुसार गैमन इंडिया उधमपुर के बीच पहाड़ी को विस्फोटों से तोड़ा जाएगा।
आधुनिक मशीनों से काम एक साल में पूरा किए जाने का लक्ष्य रखा गया है। हालांकि सबसे अधिक परेशानी रामबन से उधमपुर के बीच रहती है।
शैतानी नाला, खूनी नाला और उधमपुर के बीच खैरी मार्ग अक्सर बारिश के कारण बंद हो जाता है। फोर लेन बनने के कारण रास्ता बंद नहीं होगा और 12 महीने गाड़ियों की आवाजाही हो सकती है। इस मार्ग पर सड़क हादसों में भी कमी आएगी।