जम्मू। सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) बुधवार को 57वां स्थापना दिवस मनाएगी। मुख्य कार्यक्रम जम्मू के पलौड़ा स्थित फ्रंटियर मुख्यालय में होगा। यहां बीएसएफ के शहीदों और गौरवशाली इतिहास को याद किया जाएगा। आईजी बीएसएफ जम्मू डीके बौरा ने बीएसएफ के कर्मियों और इससे जुड़े लोगों को स्थापना दिवस की शुभकामनाएं भी दीं और उनका हौसला बढ़ाया। बता दें कि जम्मू में 192 किलोमीटर क्षेत्र की सुरक्षा का जिम्मा बीएसएफ के पास है।
आईजी ने बताया कि एक साल में बीएसएफ ने कई चुनौतियों का सामना किया है। इसमें ड्रोन की चुनौती सबसे बड़ी है। बावजूद इसके बीएसएफ के जवान पूरी तरह से सतर्क हैं। जनवरी में सरहद पर दो सुरंगें खौजी गईं, जो आतंकी घुसपैठ और नशा तस्करी के लिए इस्तेमाल करते थे। 27 जून को कठुआ में बीएसएफ के एक नशा तस्कर को मारा और उसके पास से 27 किलो नशा बरामद किया। इसके अलावा नौशेरा में भी नौ किलो नशे के सामान के साथ 2,75, 000 की नकदी भी बरामद की गई। जनवरी से लेकर अब तक आईबी पर घुसपैठ का प्रयास करने वाले पांच घुसपैठियों को मार गिराया और तीन को जिंदा पकड़ने में कामयाबी पाई है।
राजोरी और पुंछ में बीएसएफ की ओर से पांच एके 47, 15 एके 47 की मैगजीन, 421 रांउड, एक एके 56, 16 पिस्टल, 36 पिस्टन मैगजीन, 10 हैंड ग्रेनेड, 4 चाइनीज ग्रेनेड, 1 यूजीबएल बरामद किए गए। आईजी ने कहा कि बीएसएफ ने सरहद की सुरक्षा करने के साथ सामाजिक योगदान भी दिया गया है। इसमें कोरोना से लेकर लोगों को ड्रोन के प्रति जागरूक भी किया गया है। साथ ही लोगों के लिए स्वास्थ्य संबंधी जागरूक कार्यक्रम भी आयोजित किए गए हैं। हर मोर्चे पर बीएसएफ ने अपना योगदान दिया है।
बीटिंग रिट्रीट अभी रोजाना नहीं
आईजी ने कहा कि दो अक्तूबर को सुचेतगढ़ की ऑक्ट्राय पोस्ट पर बिटिंग रिट्रीट सेरेमनी आयोजित की गई थी। अभी फिलहाल हफ्ते में दो दिन शनिवार और रविवार को आयोजन होता है। फिलहाल इसे रोजाना आयोजित करने की कोई योजना नहीं है।