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बारिश की वजह से सीमा पर 86 क्षेत्रों में तारबंदी बही, घुसपैठ का खतरा बढ़ा

Wed, 24 Aug 2016 10:51 AM IST
ब्यूरो, अमर उजाला/जम्मू
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भारत-पाक सीमा - फोटो : File Photo
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जम्मू-कश्मीर में भारत-पाक अंतरराष्ट्रीय सीमा (आईबी) पर बारिश के कारण हुए नुकसान की रिपोर्ट सुरक्षाबलों ने तैयार कर ली है। रिपोर्ट के अनुसार  करीब सौ किमीमीटर आईबी पर 86 जगहों पर तारबंदी मूसलाधार बारिश में बह गई है।
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दो दर्जन बंकरों में पानी घुसने के कारण दोबारा मरम्मत करने की जरूरत है। हाई मास्क लाइटें भी खराब हो गई हैं। इस रिपोर्ट को केंद्रीय टीम के समक्ष पेश किया जाएगा, जो इसी महीने के अंतिम माह में नुकसान का जायजा लेने आएगी। 

विश्वसनीय सूत्रों के अनुसार पिछले दो माह से मूसलाधार बारिश के कारण आईबी काफी नुकसान हुआ है। कई जगह पर तारबंदी भी बह गई। नदी-नालों के ऊपर लगी तारबंदी पानी के तेज बहाव के कारण बह गई।
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हालांकि सीमा पर तैनात बीएसएफ ने बारिश के कारण बही हुई तारबंदी का मरम्मत कार्य अपने स्तर पर शुरू कर दिया है। इस बार सीमा पार से आतंकी घुसपैठ की संभावनाएं बढ़ने के कारण सुरक्षा के पुख्ता प्रबंध करने के लिए केंद्र की सरकार काफी गंभीर है।
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लांचिंग पैड पर घुसपैठ को तैयार आतंकी

भारत-पाक सीमा - फोटो : File Photo
सरकार ने केंद्रीय गृह मंत्रालय के सचिव स्तर की टीम को सीमा का जायजा लेने की योजना तैयार की है। टीम नुकसान के अलावा आईबी पर सुरक्षा प्रबंधा की भी समीक्षा करेगी। सेना व बीएसएफ के अधिकारियों से बैठक की जाएगी।

सीमा पार की गतिविधियों और आतंकी लांचिग पैड की जानकारी भी हासिल की जाएगी। अधिकारिक सूत्रों के अनुसार बीएसएफ और सेना ने नुकसान की रिपोर्ट तैयार करके सीमा पर सुरक्षा प्रबंध पुख्ता किए हैं।

सीमा पर सीजफायर उल्लंघन की रिपोर्ट भी केंद्रीय टीम को सौंपी जाएगी। सीमा पर आधुनिक उपकरणों को बढ़ाकर चौकसी बढ़ाई जाएगी। रात की गश्त के लिए भी हाई मास्क लाइटों की संख्या बढे़गी। बीएसएफ के प्रवक्ता के अनुसार बारिश से हुए नुकसान के बाद तुरंत मरम्मत कार्य शुरू कर दिया जाता है। सीमा पर जवान पूरी तरह से मुस्तैद हैं।
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