राजभवन का फैक्स मशीन रविवार को एक बार फिर चर्चा में रहा। इसे लेकर पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेकां उपाध्यक्ष उमर अब्दुल्ला व राजभवन के बीच ट्विटर वार भी हुई। ज्ञात हो कि पिछले महीने सरकार बनाने के दावे के केंद्र बिंदु में भी राजभवन की फैक्स मशीन थी।
उमर ने दावा किया है कि उन्होंने रविवार को राज्यपाल सत्यपाल मलिक को एक पत्र भेजने की कोशिश की लेकिन फैक्स मशीन अब भी काम नहीं कर रही है। वे राज्य में स्थायी निवास प्रमाणपत्र (पीआरसी) दिए जाने की प्रक्रिया में प्रस्तावित बदलावों से जुड़ी खबरों को लेकर अपनी चिंता जाहिर करते हुए फैक्स भेजने की कोशिश कर रहे थे। उन्होंने ट्विटर पर यह खत साझा भी किया। उमर ने ट्वीट कर कहा कि मैं जम्मू कश्मीर के राज्यपाल को एक खत फैक्स करने की कोशिश कर रहा हूं लेकिन फैक्स मशीन अब भी काम नहीं कर रही है।
फोन पर जवाब देने वाले ऑपरेटर ने कहा कि रविवार होने की वजह से फैक्स ऑपरेटर छुट्टी पर है। मैं कल फिर से प्रयास करूंगा। इस बीच मैं इस खत को सोशल मीडिया पर डालने के लिए मजबूर हूं। उन्होंने 21 नवंबर की एक पोस्ट को रीट्वीट करते हुए कहा-राजभवन को तत्काल एक नई फैक्स मशीन की जरूरत है।
उमर के ट्वीट के बाद राजभवन की ओर से भी स्थिति को साफ करने के लिए ट्वीट किया गया। इसमें कहा गया कि उमर अब्दुल्ला की ओर से राजभवन को भेजा गया फैक्स प्राप्त हो गया है। इसकी प्राप्ति की सूचना उमर के सलाहकार तनवीर सादिक को शाम 3.44 बजे ही दे दी गई थी।