केरल में बाढ़ से हुई भीषण तबाही के बाद यूएई द्वारा दी जाने वाली 700 करोड़ की ऐड को भारत को स्वीकार कर लेना चाहिए। यह बात श्रीनगर में नेशनल कांफ्रेंस के अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. फारूक अब्दुल्ला ने कही।
उन्होंने कहा कि जब कश्मीर में भूकंप आया था, तब हिंदुस्तान ने विदेशी ऐड नहीं मानी थी। पाकिस्तान ने तो ऐड ली, लेकिन हम लोगों ने नहीं माना। 2014 में कश्मीर में बाढ़ आई तो केंद्र ने वादा किया था कि वह इससे हुए नुकसान की भरपाई करेंगे, लेकिन आजतक वादा पूरा नहीं हुआ।
फारूख अब्दुल्ला ने कहा कि केरल के कई लोग यूएई में काम करते हैं। उनकी अर्थव्यवस्था को उन्होंने आगे बढ़ाया है। आज जब यूएई 700 करोड़ की राहत राशि भेजना चाहती है, जिससे केरलवासियों को मदद मिलेगी। उन्होंने कहा कि वह राहत राशि अच्छे भाव से दे रहे हैं, जिसे नकारना नहीं चाहिए।