फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

FAA Recruitment Scam: दलालों-आरोपियों के 37 ठिकानों पर CBI के छापे, इन जगहों पर हुई रेड

Sat, 04 Feb 2023 12:18 AM IST
kumar गुलशन कुमार अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू

सार

जम्मू में जिन जगहों पर छापेेमारी हुई, उनमें कई सीआरपीएफ के कर्मी भी हैं, जिन्होंने भर्ती परीक्षा का पेपर लीक किया। इसके बाद इसे उम्मीदवारों में लाखों रुपये लेकर बेच दिया।
विज्ञापन
CBI Raid in Jammu - फोटो : संवाद
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

वित्त लेखा सहायक (एफएए) भर्ती घोटाले में केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने शुक्रवार को जम्मू संभाग के छह जिलों में 37 जगहों पर दबिश दी। 6 मार्च 2022 को यह भर्ती परीक्षा हुई थी। जम्मू के आरएस पुरा, करण बाग, खौड़ के अलावा 30 स्थानों पर बिचौलियों और अन्य आरोपियों के परिसरों पर छापा मारा गया। जबकि रियासी में दो , उधमपुर, राजोरी, डोडा, सांबा, कठुआ में एक-एक जगह दबिश दी गई। इस छापेमारी में उन लोगों के घरों पर जांच की गई, जिन लोगों ने परीक्षा में दलाली की। 

विज्ञापन


इस मामले में पहले भी सीबीआई ने छापेमारी की थी। तब सीबीआई ने 20 लोगों पर एफआईआर दर्ज की थी। इसके पहले सीबीआई जेकेएसएसबी की पूर्व सदस्य नीलम खजूरिया, एक अन्य महिला अफसर अंजू रैना और बीएसएफ के कमांडेंट करनैल सिंह के घरों पर छापेमारी कर चुकी है। करनैल सिंह सब इंस्पेक्टर भर्ती घोटाले का आरोपी भी है।

बताया जा रहा है कि जम्मू में जिन जगहों पर छापेेमारी हुई, उनमें कई सीआरपीएफ के कर्मी भी हैं, जिन्होंने भर्ती परीक्षा का पेपर लीक किया। इसके बाद इसे उम्मीदवारों में लाखों रुपये लेकर बेच दिया। इसके पहले भी सीबीआई इस मामले में कई जगहों पर छापेमारी कर चुकी है। सूत्रों का कहना है कि जल्द ही इसमें मामले में कुछ लोगों को गिरफ्तार किया जा सकता है। शुक्रवार सुबह ही सीबीआई की टीमों ने एक साथ सब जगहों पर छापेमारी की। जम्मू में जिन 30 जगहों पर छापेेमारी हुई, उनमें भर्ती के बाद घोषित परिणाम में चयनित उम्मीदवार और सीआरपीएफ के कुछ रिटायर और मौजूदा कर्मी हैं, जिनकी मदद से यह सब हुआ।
विज्ञापन


400 पदों के लिए हुई थी परीक्षा

बता दें कि इस भर्ती घोटाले के बाद सरकार ने इसे रद्द कर दिया था। वर्ष 2022 में मार्च महीने में एफएए के 400 पदों पर भर्ती की गई थी। यह भर्ती भी उसी एजेंसी ने की थी, जिसने सब इंस्पेक्टर भर्ती की थी, क्योंकि सब इंस्पेक्टर भर्ती में बड़े स्तर पर घोटाला हुआ था। इसलिए सरकार ने एफएए में भी गड़बड़ी पर जांच कराई। जांच में पाया गया कि इसमें भी धांधली हुई है। इसके बाद इसे रद्द कर दिया गया।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें