फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

ड्राइवर, क्लीनर के हाथ-पांव बांधकर कैंटर लूटा

Mon, 01 Sep 2014 12:46 AM IST
अमर उजाला/ब्यूरो, करनाल
विज्ञापन
विज्ञापन
अंबाला से रेवाड़ी की तरफ जा रहे साबुन से भरे एक कैंटर को लुटेरों ने चालक और क्लीनर के हाथ-पांव बांधकर करनाल के गांव कंबोपुरा के समीप लूट लिया।
विज्ञापन


वारदात का खुलासा रविवार सुबह हुआ, जब राहगीरों ने चालक और क्लीनर के हाथ-पांव बंधे देखे। लूट की सूचना मिलते ही पुलिस बल मौके पर पहुंचा और सेक्टर-चार चौकी पुलिस ने केस दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है। कैंटर में लोड डिटोल साबुन कंपनी की 191 पेटियां थीं।

लुटेरे साबुन की पेटियों को अन्य वाहन में लोड करके कैंटर छोड़ फरार हो गए। जीटी रोड पर इन दिनों लुटेरों ने आतंक मचाया है। लुटेरे रोजाना करनाल जीटी रोड पर किसी न किसी लूट की वारदात को अंजाम दे रहे हैं, पुलिस ठोस कार्रवाई का दम भर रही है, लेकिन लुटेरे पकड़े नहीं जा रहे हैं।
विज्ञापन


शनिवार रात को भी करनाल जीटी रोड पर अंबाला से रेवाड़ी जा रहे डिटोल कंपनी के साबुन से भरे कैंटर को शिकार बनाया। कैंटर में सवार चालक और क्लीनर को बांधकर आगे कुछ ही दूरी पर गांव कंबोपुरा के पास कैंटर को खाली कर वहां पर कैंटर छोड़कर फरार हो गए।

सूचना मिलते ही डीएसपी राजकुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और अज्ञात लुटेरों के खिलाफ मामला दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। सेक्टर चार पुलिस चौकी के इंचार्ज जयपाल सिंह ने बताया कि रविवार सुबह सूचना मिली थी कि गांव कंबोपुरा के पास अंबाला से रेवाड़ी जा रहे एक कैंटर को लुटेरों ने लूट लिया है। चालक और क्लीनर को बांधकर वहां से कैंटर में लोड 191 पेटी डिटोल कंपनी के साबुन को लूटकर फरार हो गए।
विज्ञापन


दो दिन पहले लूटी थी कार
लुटेरों ने इतनी बड़ी वारदात को अंजाम दे दिया और पुलिस को लुटेरों का सुराग नहीं लगा है। डीएसपी राजकुमार ने बताया कि लुटेरों की खोज के लिए चार टीमों का गठन कर दिया गया है। जल्द ही लुटेरों का सुराग लग जाएगा। दूसरी तरफ लोगों का कहना है कि कैंटर से पेटियां दूसरे वाहन में शिफ्ट करने में समय लगना तय है। पुलिस पीसीआर के चक्कर नहीं लगते। इस कारण लुटेरे वारदात को आराम से अंजाम दे जाते हैं। दो दिन पहले भी सेक्टर-12 में गोगड़ीपुर के युवक से कार लूटी जा चुकी है। उसमें भी पुलिस ने तीन टीमें गठित की हैं, लेकिन अभी आरोपियों का सुराग नहीं लगा है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें