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दिवाली पर लक्ष्मी पूजा का मुहूर्त शाम 5:28 से 7:24 बजे तक

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जम्मू। दिवाली पर शुभ मुहूर्त और सही विधि से पूजा करने से मां लक्ष्मी की कृपा बनी रहती है। सोमवार को दिवाली पर लक्ष्मी पूजा का शुभ मुहूर्त शाम 5:28 से 7:24 बजे तक रहेगा, जबकि प्रदोष काल शाम 5:33 से रात 8:12 तक रहेगा। वहीं मंदिरों के शहर में दिवाली के चलते रविवार को बाजार देर रात तक गुलजार रहे। लोगों ने जमकर खरीदारी की।
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इस वर्ष दिवाली और नरक चतुर्दशी एक ही दिन 24 अक्तूबर को है, क्योंकि कार्तिक कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि का आरंभ 23 अक्तूबर रविवार शाम 6:04 बजे शुरू हुआ और चतुर्दशी तिथि 24 अक्तूबर सोमवार को शाम 5:28 बजे तक रहेगा। दिवाली के दिन स्वयं सिद्ध मुहूर्त होता है। ऐसे में इस दिन कोई भी शुभ कार्य कर सकते हैं। हालांकि खरीदारी और पूजन का विशेष मुहूर्त भी होता है। इसका समय सुबह 8:16 से 9:36 बजे तक, सुबह 11:53 से दोपहर 12:35 बजे तक, दोपहर 2:47 से शाम 4:06 बजे तक, रात 8:51 से 10:30 बजे तक, रात 10:31 से अर्धरात्रि 12:14 बजे तक का है।
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पूजा की विधि
इस दिन स्नान कर पूजा के स्थान को गंगाजल का अभिषेक कर शुद्ध करें। चौकी सजाकर इस पर लाल वस्त्र डालकर भगवान गणेश, कुबेर लक्ष्मीनारायण का पूजन कर धूप, दीप प्रज्ज्वालित कर श्री सूक्तम, कनकधारा, लक्ष्मी चालीसा या लक्ष्मी मंत्र का पाठ करें। दिवाली की रात जप, तप, मंत्र, अनुष्ठान आदि करने का विशेष महत्व है। मान्यता है कि दिवाली पर लक्ष्मी पूजन सही विधि से की जाए तो धन वृद्धि होती है।
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इन बाजारों में देर रात तक रही रौनक
दिवाली पर गांधीनगर गोल मार्केट, पक्का डंगा, नानक नगर, संजय नगर, बख्शीनगर, पंजतीर्थी, जानीपुर, पुरानी मंडी, गंग्याल, सतवारी, बन तालाब समेत सभी क्षेत्रों में बड़ी संख्या में लोग दिवाली के लिए सामान खरीदने पहुंचे। सड़कों किनारे मिट्टी के दीपक व मोमबत्ती के स्टालों पर भी खूब रौनक रही। सुरक्षा व्यवस्था के लिए पुलिस कर्मी बाजार, शहर के चौक-चौराहों पर सुबह से ही ड्यूटी बजाते नजर आए। लोगों ने मिठाइयाें, श्री गणेश, लक्ष्मी माता की मूर्तियों, दीप-मोमबत्तियाें, झूमर-झालरों, पटाखों आदि की खरीदारी की।
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भाई दूज 26 और 27 को, शुभ
मुहूर्त पर लगाएं भाई को टीका
अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। भाई दूज का त्योहार कार्तिक मास शुक्ल पक्ष की द्वितीया को मनाया जाता है। इस बार भाई दूज दो दिन 26 और 27 अक्तूबर को है। पंचांग के सूर्योदय व्यापिनी कार्तिक मास शुक्ल पक्ष द्वितीया तिथि 27 को है। ऐसे में 27 को भाइयों को टीका लगाना उत्तम होगा। 27 को टीका लगाने का शुभ मुहूर्त सुबह 6.48 बजे से दोपहर 12.48 बजे तक है, जबकि 26 अक्तूबर बुधवार को दोपहर 2.43 बजे के बाद से शुभ मुहूर्त है।
महंत रोहित शास्त्री के अनुसार भाई दूज का त्योहार भाई और बहन के प्यार को सुदृढ़ करता है। इसे भाऊ बीज, टिक्का, यम द्वितीय और भातृ द्वितीया के नाम से भी जाना जाता है।
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