रोहिंग्या मुद्दे पर भाजपा और पीडीपी का मतभेद उभरकर सामने आया है। केंद्रीय गृह मंत्रालय के निर्देश पर इस मसले पर गौर के लिए बनी मंत्रिमंडलीय समूह की पहली बैठक में भाजपा और पीडीपी मंत्रियों में आम राय नहीं बन सकी। इस मुद्दे पर ग्रुप आफ मिनिस्टर्स अभी और कई बैठकें कर आम सहमति से रणनीति बनाने का प्रयास करेगा।
मंत्रिमंडलीय समूह रियासत सरकार को रिपोर्ट सौंपेगा, ताकि इस मुद्दे पर फैसला कर विदेशियों को बाहर निकालने का निर्णय लिया जा सके। उप मुख्यमंत्री डा. निर्मल सिंह की अध्यक्षता में मंत्री समूह की बैठक लगभग एक घंटे चली, जिसमें कोई ठोस फैसला नहीं लिया जा सका। अगली बैठकों में और विचार-विमर्श के निर्णय के साथ बैठक समाप्त हो गई।
रियासत में अवैध रूप से बसे विदेशी नागरिकों खासतौर से रोहिंग्या मामले पर मंत्री समूह की घंटा भर चली बैठक में आम राय नहीं बन पाई। मंत्री समूह की बैठक में रोहिंग्या मामले पर भाजपा और पीडीपी के दो-दो मंत्रियों ने अपना पक्ष रखा और इस मामले में कोई फैसला लेने से पहले और बैठकों की जरूरत जताई।