जम्मू। फ्लड एंड इरिगेशन विभाग जल्द ही प्रदेश में कुहलों की मरम्मत कार्य शुरू करवाएगा। मौजूदा समय में ग्रामीण इलाकों में खेतों तक पानी पहुंचाने के लिए बनी कुहलों का उचित रखरखाव न होने के कारण बंद हो गई हैं। मरम्मत के बाद इन कुहलों से खेतों तक पानी पहुंचेगा। विभाग इस पर 15 करोड़ रुपये की राशि खर्च करेगा।
ग्रामीण इलाकों में हालत यह है कि सैकड़ों कुहलों का निर्माण कार्य नए सिरे से होना है। कुछ जगहों में कुहलों का नामोनिशान तक नहीं बचा। ऐसे में खेतों तक पानी नहीं पहुंचता। लोगों को खेतों में बीजाई करने के लिए बारिश का इंतजार करना पड़ता है। इस कारण फसल में देरी हो जाती है। कई बार तो बिना बिजाई के ही खेतों को छोड़ना पड़ता है। वहीं, कुछ इलाकों में नए सिरे से भी कुहलों को बनाया जाना है। प्रदेशभर में 16 हजार के करीब छोटी बड़ी कुहलें हैं। इनमें तीन हजार से ज्यादा कुहलों की हालत दयनीय है। हालांकि, अलग-अलग जगहों से किसान इनकी मरम्मत कराने की मांग कर चुके हैं। अब विभाग इनका काम शुरू करवाएगा। कुछ इलाकों में मनरेगा के तहत भी कुहलों का निर्माण कराया जाएगा। विभाग के मुख्य अभियंता हितेश मनचंदा ने कहा कि खेतों तक पानी पहुंचाया जाएगा। इसके लिए कुहलों की मरम्मत की जाएगी।