फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

श्रीमद्भागवत महापुराण के दसवें स्कंद प्रेम सागर डोगरी का विमोचन

विज्ञापन
विज्ञापन
रामगढ़। प्रसिद्ध डोगरी कवि ताराचंद कलांदरिया द्वारा श्रीमद्भागवत महापुराण के दसवें स्कंध प्रेम सागर डोगरी का शनिवार को एक कार्यक्रम में विमोचन किया गया। पुस्तक का विमोचन डीडीसी अध्यक्ष केशव दत्त शर्मा व कथावाचक एवं संत अशोक शास्त्री ने किया।
विज्ञापन

केशव दत्त शर्मा ने कहा कि मुझे पता चला है कि श्रीमद्भागवत महापुराण का डोगरी में पहली बार अनुवाद हुआ है। एक तो हमारी मातृभाषा डोगरी के लिए बड़े गर्व की बात है कि ताराचंद के कलांदरिया ने इसे डोगरी भाषा में लिखा और दूसरा डोगरों को भी प्रेम सागर से प्रेरणा मिलेगी। ताराचंद कलांदरिया ने बताया कि इससे पहले निम्मी निम्मी लो, बक्खरे बक्खरे सच, सतरंगी पींघ वाल साहित्य अकादमी पुरस्कृत, मिट्टी दी खुशबू (डोगरी कविता संग्रह ) उनकी डोगरी साहित्य प्रकाशित हो चुकी है।
प्रेम सागर को लिखने की प्रेरणा मुझे संत अशोक शास्त्री से मिली। मेरे इच्छा थी कि प्रेम सागर का विमोचन धार्मिक कार्यक्रम में हो। दुर्गा अष्टमी पर माता रानी की कृपा से आज प्रेम सागर का विमोचन हुआ है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें