आरएस पुरा। किराना की दुकान पर बीयर बेचने के आदेश हर दृष्टि से गलत है। यह सरकार की विफलता को दर्शाता है। जब पहले से इसके लिए दुकानें निर्धारित हैं तो इस तरह से विस्तार देने की जरूरत नहीं है। किराना की दुकान में बीयर की बिक्री पर लोगों ने अपने विचार व्यक्त किए हैं।
पूर्व मंत्री चौधरी गारू राम का कहना है कि केंद्र शासित प्रदेश में सरकार की गलत नीतियों के चलते पहले ही लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। अब किराना की दुकान पर बीयर बेचने का कारोबार करने के लिए लाइसेंस देने की प्रक्रिया आरंभ करने पर पहले से ही परेशान लोगों की दिक्कतों में बढ़ोतरी होगी। उन्होंने कहा कि आज गांव-गांव में नशीले पदार्थ बिक रहे हैं। सरकार व प्रशासन नियंत्रण नहीं कर पा रहा। किराना की दुकान पर बियर नहीं बेची जानी चाहिए।
माकपा नेता किशोर कुमार ने कहा कि नरेंद्र मोदी सरकार महंगाई बेरोजगारी जैसे मुद्दों से भटकाने के लिए इस प्रकार की नीतियां बना रही है। आज गांव-गांव में डिपार्टमेंटल स्टोर खुले हैं । पहले ही गांव गांव में शराब की दुकानें खुली होने पर अब किराना की दुकान पर बीयर उपलब्ध होने पर युवा इसकी चपेट आएंगे। इस तरह के प्रस्ताव को रद्द किया जाना चाहिए। सरकार को चाहिए कि युवाओं के लिए रोजगार उपलब्ध कराए जाने के लिए कोई योजना बनाए, जिससे देश की आर्थिक व्यवस्था बेहतर होने के साथ लोगों की बेहतरी हो सके।