बिश्नाह। डिग्री कॉलेज के वनस्पति विज्ञान विभाग ने मंगलवार को विश्व जल दिवस मनाने के लिए पोस्टर और पेंटिंग प्रतियोगिता कराई। इसका विषय 2022 का दिन था भूजल अदृश्य को दृश्यमान बनाना। हालांकि छात्रों को जीवन के लिए पानी के महत्व, जल संकट और जल प्रदूषण आदि पर पोस्टर और पेंटिंग बनाने के लिए कहा गया।
कार्यक्रम आयोजन का उद्देश्य पानी के महत्व को उजागर करना और छात्रों के बीच जागरूकता फैलाना है। बीएससी की जाह्नवी कुमारी ने पहला, विवेक डोगरा ने दूसरा और कोमल चरक ने तीसरा स्थान हासिल किया। सांत्वना पुरस्कार बीएससी के मनन सिंह और बीए की सुनीता ने प्राप्त किया। प्राचार्य डॉ. अनुराधा पंडोह ने छात्रों को इस तरह के आयोजनों में भाग लेने के लिए प्रोत्साहित किया। कार्यक्रम का संचालन डॉ. सुमन बाला शर्मा, एचओडी वनस्पति विज्ञान विभाग द्वारा किया गया। इस मौके पर अंग्रेजी विभाग की प्रो. अर्चना बख्शी, जूलॉजी विभाग की डॉ. सीतू रैना और ईवीएस के एचओडी डॉ. आशा सिंह ने पोस्टरों के मूल्यांकन के लिए जूरी सदस्य के रूप में काम किया।
एसएमवीडीयू ने अखनूर में मनाया विश्व जल दिवस
अखनूर। श्री माता वैष्णो देवी विश्वविद्यालय ने भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण के सहयोग से चिनाब रिवर फ्रंट में विश्व जल दिवस मनाया। कार्यक्रम का उद्देश्य प्राकृतिक संसाधन पानी और सतत भविष्य की दिशा में प्रेरक कार्यों का जश्न मनाना रहा। इसमें छात्रों, इतिहासकारों, प्रशासकों और शिक्षाविदों में उत्साह देखा गया।
पद्मश्री प्रो. रविंद्र कुमार सिन्हा, वीसी, एसएमवीडीयू ने बौद्ध स्थल अंबारन से हेरिटेज वॉक रवान की। हेरिटेज वॉक चंदिया पार्क, परशुराम मंदिर, बाबा सुंदर सिंह गुरुद्वारा, पांडव गुफा, कामेश्वर मंदिर, राजा विराट का किला से होकर जियो पोता में संपन्न हुई। वीसी ने विश्वविद्यालय की पहल की सराहना की। उन्होंने नदियों के अस्तित्व के लिए भूजल पुनर्भरण, आर्र्दभूमि के संरक्षण के महत्व पर प्रकाश डाला। इस मौके पर रजिस्ट्रार नागेंद्र सिंह जमवाल, ओपी शर्मा, शारदा पोटुकुची, राकेश थुसू, डॉ. इंदु भूषण मौजूद रहे। संवाद