शहर और आसपास के इलाकों में दो महिलाओं सहित तीन लोग फंदे से लटकते मिले हैं। इनमें दोमेल में बार चलाने वाले का एक बेटा है, जबकि दो घरेलू महिलाएं है। घटनाएं झज्झर कोटली और बठिंडी इलाके की है। पुलिस ने मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए डंसाल और जीएमसी के शवगृह में भेज दिया है। इसके साथ ही एफआईआर दर्ज करके छानबीन शुरू कर दी है।
पुलिस के मुताबिक वीरवार की रात 12.15 बजे सूचना मिली कि संदरौड़, डंसाल निवासी भारत भूषण (37) ने अपने घर में फंदे से लटकते मिला है। पुलिस का कहना है कि भारत भूषण के पिता का दोमेल में बार है। परिवार के लोगों से पता चला कि भारत भूषण रोजाना की तरह खाना खाकर अपने कमरे में सोने चल गए थे। लेकिन जैसे ही अचानक रात को परिवार का एक सदस्य उनके कमरे में दाखिल हुआ तो आंखें फटी रह गई।
चिल्लाने की आवाज सुनकर परिवार के लोग इकट्ठा हो गए। मौके पर पहुंची पुलिस ने भारत भूषण के शव को पंखे से नीचे उतारा और छानबीन शुरू कर दी। भारत भूषण के पास से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। उनके दो बच्चे पत्नी सहित पूरा परिवार है।
दूसरा मामला गांव सेली, डंसाल में हुआ। यहां शुक्रवार की तड़के 7 बजे पुलिस को सूचना मिली कि सलीमा बीबी (45) अपने घर के नजदीक बने कुल्ले में फंदे से लटकी मिली है। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर सलीमा बीबी के शव को नीचे उतारा। सलीमा बीबी के पास से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है।
परिवार के लोगों से पूछताछ शुरू कर दी गई। परिवार के लोगों ने बताया कि हो सकता है रात में सलीमा बीबी ने फंदा लगाया हो। बताया जा रहा है कि सलीमा बीबी ने एक बेटी की शादी कर दी है जबकि तीन बच्चे अभी और हैं। पुलिस ने एफआईआर दर्ज करके शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
तीसरा मामला बठिंडी इलाके का है। यहां मूलरूप से नेपाल, मौजूदा बठिंडी निवासी सांता माया थापा (35) ने शुक्रवार को बठिंडी में अपने टीन वाले कमरे से फंदा लगाकर जीवन लीला समाप्त कर ली। पुलिस के मुताबिक साढ़े पांच बजे तड़के सूचना मिलने के बाद शव को उतारा गया। कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। महिला और उसका पति दोनों मेहनत मजदूरी करते थे। इनके चार बच्चे है।