शहर में ठगी के मामले दोबारा बढ़ने लगे हैं। करीब तीन माह पहले तरह-तरह से ठगों द्वारा लोगों को अपना शिकार बनाने के मामले सामने आए थे, लेकिन सोचने वाली बात यह है कि पुलिस इतनी हाईटेक होने के बावजूद ठगों तक नहीं पहुंच पा रही है।
शहर के अलग-अलग थानों में ठगी के एक दर्जन से ज्यादा मामले दर्ज हैं, लेकिन उनका रिजल्ट जीरो है। ताजा हाल में 48 घंटों में ठगों ने शहर में तीन वारदातों को अंजाम दिया है। दो दिन पहले भाजपा एमएलसी रमेश अरोड़ा ने भी ठगी के मामलों में पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाए थे।
ताजा स्थिति में पक्का डंगा थाना के अंतर्गत इलाके में रहने वाले एक व्यक्ति से लाटरी के नाम पर 40 हजार रुपये ठग लिए। गांधीनगर के एक व्यक्ति से शॉपिंग के नाम पर लाखों रुपये की ठगी हुई।
बख्शीनगर थाना के अंतर्गत जीएमसी अस्पताल के बाहर तीन माह पहले साधु के भेष में दो ठगों ने एक महिला के सोने के गहने चमकाने के नाम पर ठग लिए थे। त्रिकुटानगर थाना के अंतर्गत सैनिक कालोनी में एक ठग दंपति खरीद-फरोख्त के नाम पर पर घरेलू सामान सहित कार लेकर फरार हो गए।
बस स्टैंड थाना के अंतर्गत इलाके के दो मामले सामने आए थे, इनमें ज्योतिष द्वारा भविष्य बताने के नाम पर ठगी की जाती थी, जिसमें आरोपी को पकड़ लिया गया था, लेकिन दूसरा मामला नौकरी दिलाने का था। इस मामले में छानबीन जारी है।
गांधीनगर नगर में दो वर्ष पहले मोबाइल इंटरनेट की सर्विस देने के नाम पर दो दर्जन से ज्यादा लोगों के लाखों रुपये ठग लिए। इसमें जम्मू कश्मीर के अलग-अलग जिलों के लोग शिकार हुए थे। जानीपुर में मिलीभगत के साथ किसी की जमीन अपने नाम करने का मामला दर्ज हुआ था।