रियासी बिड्डा मोड़ कांड में घायल व्यक्ति ने दम तोड़ दिया है। घायल के दिमाग ने सोमवार को ही काम करना बंद कर दिया था। मंगलवार सुबह 6 बजे के करीब उसकी आईसीयू में मौत हो गई। पिछले तीन दिन से वह अस्पताल में वेंटिलेटर पर था।
हालांकि इस मामले में बड़ी राहत यह है कि मरने वाली महिला और व्यक्ति सहित बच्ची को पहचान लिया गया है। रियासी पुलिस ने पलवल पुलिस के पास इनकी तस्वीरें भेजी थीं।
मंगलवार को मृतकों के परिवार वालों ने बताया कि वह पलवल से करीब 70 किलोमीटर एक गांव के हैं और मरने वाले उनके परिवार के हैं। हालांकि इन लोगों के पहुंचने पर ही सही पता चल पाएगा कि मरने वाले कौन हैं।
मृतक महिला प्रियंका का मंगलवार को रियासी के जिला अस्पताल में पोस्टमार्टम किया गया। इसके लिए तीन डाक्टरों का बोर्ड बनाया गया। डाक्टर सुशील शर्मा, संजीव भारती और भारती ठाकुर इन बोर्ड में शामिल हैं।
सिर पर नुकीली चीज से हुए हैं कई वार
पोस्टमार्टम रिपोर्ट की शुरुआती जांच में कुछ बातें सामने आ रही हैं। महिला की मौत सिर पर आई गहरी चोट से हुई है। सिर पर किसी नुकीली चीज से हमला किया गया है। इसमें कोई तेजधार हथियार या फिर पत्थर शामिल हो सकता है, लेकिन एक बात तय है कि सिर पर कई वार किए गए।
जिन लोगों ने मृतकों की पहचान करने का दावा किया है, वे जम्मू के लिए निकल चुके हैं। मंगलवार दोपहर 1 बजे वे लोग निकले और आज उनके दोपहर तक पहुंचने की उम्मीद है।
मृतक बबलू का असली नाम योगेश पुत्र करे लाल है। वह उत्तर प्रदेश मथुरा जिले के नोहजील पुलिस स्टेशन के अंतर्गत आने वाले गांव अहमदपुर का रहने वाला है। इस समय पलवल हरियाणा रोड पर दन मिल अलीगढ़ में रहता है।
सूत्रों के अनुसार मृतक प्रियंका ने मरने से पहले अपनी बाजू पर एक नाम लिखा है। उसने अपने आई लाइनर या लिप लाइनर से लिखा हुआ कि अनुराधा का भाई सुनील। अब इस बात का पता लगाया जा रहा है कि सुनील कौन है। इसका पता लगने से मामले को काफी हद तक सुलझाया जा सकता है।