सिंबल मोड़ पर सोमवार को दो युवकाें पर तेजधार हथियाराें से हमला किया गया। हमलावरों ने देसी कट्टे से फायर भी किया। घायलों को मेडिकल कालेज अस्पताल में गंभीर अवस्था में पहुंचाया गया। जहां से उन्हें अमृतसर रेफर कर दिया गया। वहीं हमले को लेकर गुस्साए परिवार के सदस्यों और लोगों ने आरएस पुरा-जम्मू मार्ग बंद कर पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने हमलावरों को जल्द हिरासत मेें लेने और उन पर कड़ी कार्रवाई की मांग की।
सोमवार सुबह दिलबाग सिंह और गगनदीप सिंह निवासी मखनपुर गुजरां ने लिंक रोड सिंबल के पास गुरप्रीत सिंह उर्फ रॉकी और गुरप्र्रीत सिंह उर्फ पम्मी निवासी सिंबल कैंप वार्ड चार पर हमला बोल दिया। दोनों बचने के लिए एक घर में घुस गए, जहां पीछा करते हुए पहुंचे हमलावरों ने तेजधार टोकों, तलवारों और किरचों से हमला करने के साथ देसी कट्टे से फायर किया और भाग निकले।
परिवार के सदस्यों ने घटना के बारे में मीरां साहिब पुलिस को सूचित किया। वहीं दोनों घायलों को जम्मू-मेडिकल कालेज में उपचार के लिए रेफर किया गया। गुस्साए लोगों ने मीरां साहिब बाजार के चौक में पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की। उन्होंने एसडीपीओ हरजीत सिंह को सस्पेंड करने की मांग की।
‘थाने से लौटते समय बोला हमला’
प्रदर्शनकारियों में शामिल परमजीत सिंह उर्फ सन्नी की बहन हरबंस कौर का कहना था कि क्षेत्र में नशीले पदार्थों का कारोबार जारी है, जबकि पुलिस कोई कार्रवाई नहीं कर रही। उन्हाेंने कहा कि पीएसए के तहत मीरां साहिब पुलिस थाने में बंद परमजीत सिंह उर्फ सन्नी को शनिवार को हाईकोर्ट से जमानत मिलने के बाद भी रिहा नहीं किया जा रहा। जिन दोनों युवकों पर हमला किया गया, वह सुबह के समय परमजीत को थाने में खाना देने के लिए गए थे। लौटते समय दूसरे गुट के लोगों ने इन पर हमला बोल दिया।