जम्मू। सरकारी स्कूलों में कार्यरत कैजुअल पेड वर्कर्स (सीपीडब्ल्यू) और रसोइये 28 फरवरी से हड़ताल पर रहेंगे। वे चौकीदारी, सफाई, मिड-डे मील तैयार करने और स्कूलों की स्वच्छता बनाए रखने जैसे महत्वपूर्ण कार्य करते हैं।
सीपीडब्ल्यू का आरोप है कि 10 वर्षों से शिक्षा विभाग न्यूनतम वेतन लागू करने के नाम पर धोखा दे रहा है। उच्च अधिकारियों के वादों के बावजूद आज तक वेतन नहीं मिला। शिक्षा विभाग इसे बजट में शामिल करता रहा है। लेकिन निर्मम वित्त विभाग ने अब तक भुगतान नहीं किया। जिससे लगभग 50,000 लोग प्रभावित हैं। यदि एक सप्ताह में वेतन नहीं दिया गया, तो वह आंदोलन करेंगे। यूनियन ने शिक्षक समुदाय से समर्थन की अपील की है। हड़ताल के कारण स्कूलों में किसी भी अव्यवस्था की जिम्मेदारी उच्च अधिकारियों पर होगी। संवाद